बठिंडा। जिले के खरीद केंद्रों में हजारों मीट्रिक टन गेहूं की खरीद और लिफ्टिंग नहीं होने से किसानों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
जिले भर में 170 खरीद केंद्र बनाए गए हैं। इनमें करीब 2.77 लाख मीट्रिक टन गेहूं की फसल पहुंच चुकी है, जिसमें से 2.26 लाख मीट्रिक टन की खरीद हो चुकी है। रविवार शाम तक सिर्फ 45 हजार मीट्रिक टन की लिफ्टिंग हुई है। पता चला है कि 20 अप्रैल को जिले भर के सभी खरीद केंद्रों में 58 हजार मीट्रिक टन गेहूं की फसल एक दिन में ही आ गई। पिछले सीजन में एक दिन में ही 54 हजार मीट्रिक टन गेहूं की फसल मंडी में आई थी। अब एक दिन में इतनी फसल गेहूं की मंडियों में आने से प्रशासन को भी चिंता हो रही है।
जिले के सबसे बड़े गांव मेहराज में कल शाम तक गेहूं को उठाने का काम शुरू नही हुआ था । इस खरीद केंद्र में 4000 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हो चुकी है और अभी तक लिफ्टिंग नही हुई है। इस केंद्र में 1500 मीट्रिक टन गेहूं की फसल अभी तक खरीदी नहीं गई है।
गांव लैहरा मोहब्बत में अब तक 2500 मीट्रिक टन की खरीद हुई है जबकि 1500 मीट्रिक टन फसल भी खरीदी नहीं गई है। गांव दयालपुरा में अब तक 1650 मीट्रिक टन की खरीद हो चुकी है जबकि 250 मीट्रिक टन की लिफ्टिंग हुई है। बठिंडा की अनाज मंडी में अब तक 18620 मीट्रिक टन की आमद हुई है जबकि 16580 मीट्रिक टन की खरीद हो चुकी है जबकि लिफ्टिंग सिर्फ 9000 मीट्रिक टन की हुई है। जिले के गांव भाईरूपा में 3500 मीट्रिक टन की खरीद हुई है जबकि 250 मीट्रिक टन की लिफ्टिंग हुई है।