खुद को सीबीआई अधिकारी बताकर भोले-भाले लोगों को ठगने वाले दो सगे भाई पुलिस के हत्थे चढ़े हैं। दोनों आरोपी इतने शातिर हैं कि किसी को भी इनके फर्जी सीबीआई अधिकारी होने का शक नहीं हुआ। यही वजह रही कि दोनों भाइयों ने लोगों को खूब लूटा। आरोपी लोगों को सरकारी नौकरी दिलवाने का झांसा भी देते थे और उनसे देकर लाखों रुपये की ठगी मार लेते थे। दोनों आरोपियों को अमृतसर पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों में अजयपाल सिंह और अमृतपाल सिंह हैं, जो पंजाब के गुरदासपुर के रहने वाले हैं। पुलिस जांच में अभी तक खुलासा हुआ है कि दोनों भाइयों ने अलग-अलग लोगों से कुल 16 लाख रुपये की ठगी की है। आरोपियों से पुलिस ने दो लाख रुपये बरामद भी किए हैं।
डीसीपी लॉ एंड ऑर्डर विजय आलम सिंह ने बताया कि पुलिस के पास सुल्तानविंड रोड निवासी अमनदीप सिंह ने शिकायत दर्ज करवाई थी। अमनदीप सिंह ने शिकायत में बताया था कि उनका बेटा चन्नप्रीत सिंह (20) बाहरवीं पास है। आरोपी अजयपाल सिंह उनके घर के पास ही एक किराये का कमरा लेकर रहा था। आरोपी की चन्नप्रीत सिंह के साथ जान-पहचान हो गई। आरोपी अजयपाल ने चन्नप्रीत सिंह को बताया कि वह सीबीआई में स्पेशल अधिकारी है। जबकि उसका छोटा भाई पंजाब पुलिस में है। अजयपाल ने अपने छोटे भाई अमृतपाल सिंह की पुलिस की वर्दी पहने हुए फोटो भी दिखाई। इसके बाद आरोपी अजयपाल ने चन्नप्रीत को कहा कि वह उसे भी सरकारी नौकरी दिलवा सकता है। इस तरह से वह लोग आरोपी के झांसे में आ गए। इसके बदले में आरोपी ने उनसे कुल दस लाख रुपये ले लिए।
काफी समय बीत जाने के बाद भी आरोपी ने नौकरी नहीं दिलवाई। जब भी वह बात करते तो आगे से आरोपी कुछ न कुछ कहकर टाल देता। इतना ही नहीं इसी समय के दौरान आरोपियों ने उनके एक रिश्तेदार जतिंदर कुमार निवासी गुरदासपुर के भांजे को भी नौकरी दिलवाने का झांसा देकर छह लाख रुपये ले लिए थे। डीसीपी ने बताया कि इस शिकायत पर तुरंत कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और इनसे सीबीआई का जाली आई कार्ड, पुलिस की वर्दी और दो लाख रुपये बरामद किए है। फिलहाल आरोपियों से पूछताछ जारी है। ताकि पता चल सके कि और कितने लोगों से इसी तरह पैसे ठग चुके है।