अमृतसर में किशोरी ने प्रेमी को बचाने के लिए तीन युवकों पर बलात्कार का केस दर्ज करवाया था। इसका खुलासा गुरुवार को प्रेसवार्ता में एडीसीपी परमपाल सिंह ने किया।
एडीसीपी ने बताया कि घटना वाले दिन किशोरी अपने प्रेमी के साथ थी और परिजनों से डर के कारण उसने सुल्तानविंड रोड निवासी और उसके दो साथियों पर थाना सुल्तानविंड में अपहरण और बलात्कार का केस दर्ज कराया।
उन्होंने बताया कि जांच में पता चला कि तीनों आरोपियों की मोबाइल लोकेशन्स अलग-अलग थी। इसके अलावा कई अन्य साक्ष्य भी जुटाए और पता चला कि किशोरी झूठी कहानी बयां कर रही है।
बाद में किशोरी ने खुद ही बताया कि इलाके में रहने वाले मिलनदीप सिंह उर्फ मणि के साथ उसके दो साल से प्रेम संबंध चल रहे हैं। 21 अक्तूबर की सुबह मणि उसे बाइक पर बैठाकर अपने घर ले गया। वहां उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। लड़की स्कूल से गैर हाजिर थी।
इस पर स्कूल प्रबंधन ने परिजनों को बुला लिया। परिजनों को वहां पहुंच कर पता चला कि उनकी बेटी स्कूल नहीं पहुंची तो वे हैरान रह गए।
उसी शाम को किशोरी घर पहुंची तो परिजनों ने उससे पूछा। डर के मारे उसने गोल्डी और उसके दो साथियों पर आरोप लगाया कि वह उसका अपहरण कर ले गया और एक अनजान इलाके में उसके साथ गैंग रेप किया।
गोल्डी पर किशोरी की बड़ी बहन ने भी बलात्कार का मामला दर्ज कराया था, लेकिन अदालत में आरोप साबित नहीं होने पर वह बरी हो गया।
किशोरी के बयान पर पुलिस ने तीनों पर केस दर्ज कर लिया। बाद में जांच की गई, तो सच्चाई और ही निकली। पुलिस ने मणि को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया। अदालत ने उसे पुलिस रिमांड में भेज दिया है।