जिला पुलिस ने गिलवाली गेट स्थित एक चर्च में फायरिंग करने के मामले में मुख्य आरोपी कांग्रेसी नेता रणदीप सिंह गिल सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। सीआईए स्टाफ की टीम ने होशियारपुर के टांडा के पास इन आरोपियों को पकड़ा। वारदात में रणदीप सिंह गिल ने सात-आठ अन्य लोगों के साथ चर्च में घुसकर अंधाधुंध फायरिंग कर प्रिंस नामक युवक की हत्या कर दी थी।
वहीं प्रिंस के भाई मनोज को गंभीर रूप से घायल कर दिया था। पुलिस के मुताबिक गिल व उसके साथियों ने चर्च में 15 से 20 राउंड गोलियां चलाई थीं। पकड़े गए आरोपियों में रणदीप का भाई बलराम सिंह गिल और उनका निजी सचिव सूरज शामिल हैं। आरोपियों के कब्जे से एक राइफल, एक रिवाल्वर, इनोवा और मोबाइल बरामद हुए हैं।
रणदीप सिंह गिल का आपराधिक रिकॉर्ड
- 12 अगस्त 2003 : सी डिवीजन पुलिस ने पिस्तौल दिखाने और मारपीट का मामला दर्ज किया था।
- 29 मई 2008 : सी डिवीजन पुलिस ने हत्या के प्रयास और मारपीट का मामला दर्ज किया था।
- 31 मार्च 2014 : तरनतारन सिटी पुलिस ने धोखाधड़ी, वसूली और षड़यंत्र रचने के आरोप में केस दर्ज किया था।
- 25 अगस्त 2016 : रामबाग पुलिस ने मारपीट और वसूली करने का मामला दर्ज किया था।
बलराम सिंह गिल का आपराधिक रिकॉर्ड
- 13 मार्च 2018 : बी डिवीजन पुलिस ने फर्जी दस्तावेजों पर धोखाधड़ी करने का मामला दर्ज किया था।
- 28 अगस्त 2019 : महिला थाने की पुलिस ने दहेज प्रताड़ना के आरोप में केस दर्ज किया था।