सच पूछें तो मेरी जिंदगी के असली हीरो भारत के जवान हैं, जो अपना परिवार
छोड़कर देश की रक्षा के लिए चौबीस घंटे सरहद पर ड्युटी देते हैं।
बचपन
से ही अपनी मां से देश के जवानों के चर्चे सुनकर उनसे उत्साहित होकर खेल
में देश का नाम रोशन किया। यह बात भारतीय क्रिकेट टीम के गेंदबाज हरभजन
सिंह भज्जी ने सीआईएसएफ के कार्यक्रम के दौरान अमर-उजाला से खास बातचीत में
कही। उन्होंने कहा कि बचपन से मेहनत कर मन में देश के प्रति कुछ करने का
जज्बा था। बस फिर क्या मां व लोगों की दुआएं ने मुझे विश्वविख्यात बना
दिया। मैं अपने जीवन में फिर भी असली हीरो भारत के जवानों को मानता हूं।
नशे
के बारे में गंभीर चिंता जताते हुए भज्जी ने बताया कि नशा पंजाब की जवानी
को बिल्कुल खत्म कर रहा है। हर दूसरा युवा नशे के कारण अपनी जिंदगी को तबाह
कर चुका है। युवा देश का भविष्य होता है, लेकिन नशा उनकी जिंदगी को खत्म
कर रहा है। नाम लिए बगैर उन्होंने कहा कि एक समय था जब उनका रिश्तेदार भी
नशे में फंस गया था।
घरवालों की चिंता बढ़ गई। उन्होंने मुझसे जिक्र
किया । फिर उसका इलाज कराया गया। मैंने उसे जिंदगी में कुछ करने के
उत्साहित किया। ठीक होने के बाद उसने अपने पैसों से नशे को छुड़ाने के चार
केंद्र खोले। आज उन्हीं केंद्रो में नशे छुड़ाने के लिए युवाओं की दौड़ मची
है।