सिविल अस्पताल तरनतारन के इमरजेंसी वार्ड डॉ. प्रभजोत सिंह और सोसाइटी के सदस्यों के बीच वीरवार रात हुए विवाद के बीच शनिवार को जिले में सरकारी डॉक्टरों ने सेहत सेवाएं ठप कर इंसाफ की गुहार लगाई। तरनतारन के सिविल अस्पताल में डॉक्टरों ने हड़ताल कर सोमवार से पूरे पंजाब में सेहत सेवाएं ठप करने की चेतावनी दी।
उन्होंने सिविल सर्जन तरनतारन पर आरोप लगाया कि एकतरफा कार्रवाई कर डॉक्टरों को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। बाद में डीसी ने सेहत विभाग को सीएमओ की ओर से भेजी गई रिपोर्ट को रद्द कर दिया, जिसके बाद डॉक्टरों ने अपनी हड़ताल वापस ले ली।
शनिवार को प्रदर्शन में डॉ. हरलीन कौर, डॉ. रोहित महिता, डॉ. कश्मीर सिंह सोहल, डॉ. जतिंदर सिंह, डॉ. प्रभजोत सिंह, डॉ. कंवलजीत सिंह, डॉ. हरजोत सिंह, डॉ. जसप्रीत सिंह, डॉ. साहिल गुप्ता, डॉ. राणा रणबीर सिंह, डॉ. वेद प्रकाश, डॉ. आईएम गुप्ता, डॉ. आरएस ढिल्लों, डॉ. विनीत कुमार और डॉ. नीरज सहगल ने हिस्सा लिया। सभी ने आरोप लगाया कि सिविल सर्जन द्वारा एकतरफा कार्रवाई करते हुए डॉ. प्रभजोत सिंह को सस्पेंड करने और एसएमओ डॉ. शमशेर सिंह के तबादले की रिपोर्ट डायरेक्टर सेहत विभाग को भेजी गई है। डॉ. हरलीन कौर ने कहा कि इमरजेंसी वार्ड में सोसाइटी के सदस्यों ने डॉ. प्रभजोत सिंह के साथ गलत व्यवहार किया और ड्यूटी में बाधा डाली मगर इस बारे में सीएमओ द्वारा रिपोर्ट को नजरअंदाज किया गया।
वहीं प्रदर्शन से सिविल अस्पताल तरनतारन, खडूर साहिब, पट्टी, मियांविंड, सरहाली, घरियाला, भिखीविंड, सुरसिंह, झबाल और कसेल में भी सारा दिन सेहत सेवाएं ठप रही। प्रदर्शन की सूचना मिलने के बाद डीसी कार्यालय में आयोजित बैठक में एसएसपी राजजीत सिंह हुंदल, एसपी (डी) हरविंदर सिंह संधू, डीएसपी सब डिवीजन तरनतारन सुखविंदर सिंह, थाना शहरी के प्रभारी इंस्पेक्टर लखवीर सिंह के अलावा साथ सोसाइटी के जिला कोआर्डिनेटर रमणीक सिंह खेड़ा अपने सदस्यों के साथ पहुंचे।
डॉ. प्रभजोत सिंह के अलावा सिविल अस्पताल के समूह डॉक्टरों ने भी इस बैठक में हिस्सा लिया। डीसी और एसएसपी द्वारा दोनों गुटों की बंद कमरे में बात सुनी गई और बाद में संयुक्त बैठक करके दोनों गुटों को अपने कायदे में रहने के आदेश जारी किए। इस मौके पर डीसी बलविंदर सिंह धालीवाल ने बताया कि डॉक्टरों ने अपनी हड़ताल वापस ले ली है। सिविल सर्जन डॉ. वरिंदरा सिंह द्वारा सेहत विभाग के डायरेक्टर को भेजी गई रिपोर्ट को रद्द कर दिया गया है। पीसीएमएस स्पेशलिस्ट डॉक्टर एसोसिएशन पंजाब के अध्यक्ष डॉ. कश्मीर सिंह सोहल ने बताया कि प्रशासन द्वारा डीसी द्वारा उनकी सही ढंग से सुनवाई की गई है, जिसके चलते सोमवार को पंजाब भर में सेहत सेवाएं ठप रखने का फैसला वापस ले रहे हैैं।