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सुखजीत मंदबुद्धि आश्रम में बीस दिन में तीसरे बच्चे ने दम तोड़ा

Fri, 19 Aug 2016 10:28 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला/कपूरथला
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कपूरथला के सुखजीत मंदबुद्धि आश्रम में जाह्नवी ए. वारा आश्रम के स्टाफ से बातचीत करती हुईं। - फोटो : अमर उजाला
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रेलवे रोड स्थित सुखजीत मंदबुद्धि आश्रम में 20 दिन में एक-एक करके तीसरे बच्चे ने दम तोड़ दिया है।
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मृतक तीसरे बच्चे का लीवर खराब था और उसे मिर्गी के दौरे भी पड़ते थे। इसका पता भी सुखजीत आश्रम के स्टाफ को 15 अगस्त के दिन लगा। प्रशासन ने 16 अगस्त को ही उसे गुरु नानक देव मेडिकल कालेज अमृतसर भर्ती कराया था, जहां उसकी मौत हो गई।

नौ साल के बंटी का लीवर खराब था और उसे मिर्गी के दौरे भी पड़ते थे। वह आश्रम में 32 बच्चों के साथ ही रह रहा था। डीसी जसकिरण सिंह के अनुसार 15 अगस्त के दिन बंटी के लीवर और मिर्गी के दौरे के बारे में टेस्ट के दौरान पता चला। इस पर उसे 16 अगस्त को गुरु नानक मेडिकल कालेज अमृतसर भेज दिया गया। वहां पर उसकी शुक्रवार को मौत हो गई। डीसी ने बंटी की मौत की पुष्टि करते हुए कहा कि उसका अंतिम संस्कार या तो अमृतसर में ही किया जाएगा या फिर मंदबुद्धि आश्रम राजपुरा में।
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बता दें कि 31 जुलाई और एक अगस्त को फूड प्वाइजनिंग की वजह 14 साल के छोटू और 15 साल की ज्योति की मौत हो गई। इस पूरे मामले में स्टाफ की लापरवाही सामने आई थी और डीएसएसओ को निलंबित और अटेंडेंट को चार्जशीट किया गया था।
 
केंद्रीय टीम ने किया आश्रम का दौरा
कपूरथला। सामाजिक सुरक्षा व सशक्तीकरण मंत्रालय के केंद्रीय राज्य मंत्री विजय सांपला के निर्देश पर केंद्रीय टीम नेे मंत्रालय के अधीन कार्यरत नेशनल इंस्टीट्यूट फॉर द मेंटली हैंडीकैप्ड की डायरेक्टर जाह्नवी ए वारा के नेतृत्व में शुक्रवार को सुखजीत मंदबुद्धि आश्रम का दौरा किया। उन्होंने बताया कि वह अपने दौरे की पूर्ण रिपोर्ट तैयार करके केंद्र सरकार को सौंपेंगी।
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उन्होंने बताया कि रिपोर्ट में ऐसे मंदब़ुद्धि आश्रमों में मौजूद बच्चों की आयु वर्ग के लिहाज से उनके लिए विभिन्न प्रकार की सिखलाई का प्रबंध, 15 साल से कम आयु वाले बच्चों के लिए स्पेशल स्कूलिंग और बड़े बच्चों की शारीरिक समर्था के अनुसार विभिन्न रोजगारपरक सिखलाई देने का प्रबंध करने की सिफारिश की जाएगी। इसके अलावा ऐसे बच्चों की देखभाल के लिए स्टाफ के लिए शार्ट टर्म कोर्स की ट्रेनिंग देने की व्यवस्था की जाएगी। उनके साथ एनआईएमएस एमएसईसी के पुनर्वास थिरैपिस्ट दत्तात्रेय राय, एसडीएम नरिंदर सिंह, सीडीपीओ नरिंदर सिंह, जिला प्रोग्राम अधिकारी सुखदीप कौर मुल्तानी  मौजूद थी।
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