संवाद न्यूज एजेंसी
अमृतसर। श्री गुरु तेग बहादुर साहिब जी की शहादत के 350 साल पर होने वाले कार्यक्रमों के सिलसिले में शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के प्रधान एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी ने सोमवार को जम्मू में कश्मीर के हिंदू समाज से जुड़े प्रमुख नेताओं के साथ बैठक की। बैठक के दौरान गुरु तेग बहादुर साहिब जी की शहीदी विरासत और कश्मीर के पंडितों से जुड़ी ऐतिहासिक पृष्ठभूमि पर चर्चा की गई। सिख इतिहास में कश्मीरी पंडितों की भूमिका विशेष स्थान रखती है क्योंकि गुरु तेग बहादुर साहिब जी ने कश्मीरी पंडितों की विनती पर मानवाधिकारों और धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा के लिए अपना बलिदान दिया था।
एसजीपीसी विश्व स्तर पर गुरु तेग बहादुर साहिब जी की शहादत शताब्दी को समर्पित समागम मना रही है। इस क्रम में 15 नवम्बर को कश्मीर के मट्टन स्थित गुरुद्वारा साहिब से विशेष नगर कीर्तन का आयोजन किया जाएगा। धामी ने बताया कि इस नगर कीर्तन और श्री आनंदपुर साहिब में आयोजित हो रहे शताब्दी कार्यक्रमों में कश्मीर के हिंदू समाज के नेता और पंडित समुदाय के प्रतिनिधि विशेष रूप से शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि गुरु तेग बहादुर साहिब की शिक्षा आज भी मानवता, धार्मिक सहिष्णुता और भाईचारे का अमर संदेश देती है।