थाना सिटी तरनतारन के समक्ष दिए गए धरने में उपस्थित किसान, मजदूर व महिलाएं।
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गांव गोरखा के पूर्व शिअद सरपंच कुलविंदर सिंह गोरखा की ओर से नाबालिग से ढाई माह तक दुराचार करने के मामले में अब तक गिरफ्तारी न होने पर विभिन्न जत्थेबंदियों ने वीरवार को जाम लगा दिया।
राज्य अध्यक्ष सतनाम सिंह पन्नू, महासचिव सविंदर सिंह ने कहा कि पंजाब भर में शिअद के मंत्री, विधायक, संगीन अपराधियों और पुलिस अधिकारियों का नापाक गठबंधन काम कर रहा है। पंजाब राज्य जंगल राज में तब्दील हो चुका है।
गांव गोरखा के पूर्व शिअद सरपंच कुलविंदर सिंह गोरखा ने अपने घर में नाबालिग से पहले दुराचार किया फिर जान से मारने की धमकी दी। लड़की ने किसी तरह सरपंच के चंगुल से निकलकर पारिवारिक सदस्यों को आपबीती बताई। इसके बाद मामला पुलिस के पास पहुंचा। सरपंच के खिलाफ केस तो दर्ज कर लिया गया लेकिन अब तक गिरफ्तारी नहीं हुई।
उन्होंने कहा कि उक्त सरपंच की मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के साथ काफी नजदीकी है। हलका खडूर के विधायक रविंदर सिंह ब्रह्मापुरा के दबाव के कारण पुलिस आरोपी सरपंच को गिरफ्तार करने से भाग रही है। यह धरना डीएसपी हरपाल सिंह के आश्वासन पर उठाया गया।
मौके पर चरण सिंह बैंका, रेशम सिंह, भूपिंदर सिंह, सतनाम सिंह, बीबी परमजीत कौर, सुखविंदर सिंह, गुरलाल सिंह, हरप्रीत सिंह, तेजिंदर सिंह राजू रसूलपुर के अलावा सैकड़ों किसान और मजदूर उपस्थित थे।