एयरबेस पर हमला करने वाले आतंकवादियों के शवों की सुरक्षा में सिविल अस्पताल के शवगृह में तैनात पुलिस मुलाजिमों को रविवार की रात हटा लिया गया। इससे आतंकियों के शव दफनाने की बात पुख्ता हो रही है। हालांकि सिविल अस्पताल एसएमओ और एसएसपी मामले में कोई भी स्पष्ट जानकारी न देकर गोलमोल जवाब दे रहे हैं।
पठानकोट एयरबेस पर हमला करने वाले पाकिस्तानी आतंकियों को शव सिविल अस्पताल के शवगृह में रखे गए थे। शवों की सुरक्षा के लिए यहां पुलिस मुलाजिमों ड्यूटी लगाई गई थी। पुलिस मुलाजिम पाली बदलकर यहां चौबीस घंटे ड्यूटी दे रहे थे।
रविवार की रात आतंकियों के शवों की सुरक्षा में तैनात पुलिस मुलाजिमों को हटा लिया गया। पुलिस के उच्च पदस्थ सूत्रों के मुताबिक बीती चार मई को आतंकियों के शवों को गुपचुप तरीके से दफना दिया गया था। इसकी किसी को भनक न लगे इसके लिए शवगृह के बाहर सुरक्षा व्यवस्था को चाक चौबंद रखा गया।
रविवार की रात यहां से सुरक्षा कर्मचारियों को भी हटा दिया गया। इससे आशंकाओं पर भी विराम लग गया है कि आतंकियों के शवों को दफना दिया गया है। इस संबंध में एसएमओ डॉ. भूपिंद्र सिंह न बात की गई तो उन्होंने कहा कि यदि पुलिस विभाग ने अपनी सुरक्षा शवगृह से हटा ली गई है तो यह पक्का है कि शवों को यहां से उठा लिया गया हैं।
वहीं इस संबंध में जब एसएसपी राकेश कौशल से बात की गई कि यहां से सुरक्षा क्यों हटा ली गई है तो उन्होंने कहा कि यह एनआईए टीम का काम है। इस संबंध में मैं कुछ नहीं कह सकता। वहीं जब उन्हें पूछा गया कि सुरक्षा कर्मचारी तो आपके लगाए गए थे तो उन्होंने कहा कि मैं इस संबंध में भी मैं कुछ नहीं कह सकता। इसके बाद उन्होंने फोन काट दिया।