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पठानकोट से भागा कैदी दिल्ली से गिरफ्तार

Mon, 06 Jul 2015 10:20 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पठानकाेट
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नौ साल से भगोड़ा करार चल रहे सतिंद्र कुमार उर्फ बाबा को सोमवार को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया गया। सतिंद्र धरमपुरा कादियां का रहने वाला है।
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एसएसपी राकेश कौशल ने बताया कि एक माह पहले सतिंद्र कुमार उर्फ बाबा को 270 ग्राम नशीले पाउडर के साथ गिरफ्तार किया गया था। वह सब जेल पठानकोट में विचाराधीन कैदी के रूप में रह रहा था। बाबा ने 25 दिसंबर को सुबह शौचालय जाने का बहाना बनाया।

जब उसे भागने का मौका नहीं मिला तो उसने हार्ट की प्रॉब्लम होने के कारण सैर करने की इच्छा जाहिर की। जैसे ही पुलिस कर्मचारियों ने उसकी हथकड़ी खोली वह मौका देखकर भाग खड़ा हुआ। तुरंत जिले के समस्त थाना प्रभारियों को थाना डिवीजन नम्बर-1 बुला लिया गया।
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एसपी यशपाल सिंह व एनके बेदी ने तुरंत 12 टीमों का गठन कर आरोपी को पकड़ने के लिए भेज दिया लेकिन उसकी कुछ पता नहीं चला। गुप्त सुचना के आधार पर उन्हाेंने पीओ स्टाफ इंचार्ज एसआई लखविंद्र सिंह के नेतृत्व में एएसआई सुरिंद्र मोहन, मुख्य सिपाही बीरबल और बलराम सिंह पुलिस कर्मचारियों की टीम गठित कर दिल्ली भेजी। वहां से उसे गिरफ्तार कर पठानकोट लाया गया।

आरोपी सतिंद्र पर दर्ज मामले:-
10 सितंबर 2005 को कादियां में सतिंद्र पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया था। पेशी पर न आने पर उसे भगोड़ा घोषित किया गया था। इसके बाद फिर कादियां में ही सतिंद्र पर छह दिसंबर 2005 को मामला दर्ज किया गया। इसके बाद कादियां में 25 मार्च 2006 को सतिंद्र पर इरादा-ए-कत्ल का मामला दर्ज किया गया। वर्ष 2006 में सतिंद्र कादियां से भाग कर नवांशहर, जालंधर में ढोंगी बाबा बनकर रहने लगा। यहां उसने शिव नगर, रेलवे रोड नवां शहर निवासी कविता की हत्या की और फरार हो गया। जालंधर पुलिस ने 1 दिसंबर 2009 को सतिंद्र को गिरफ्तार किया था। जालंधर पुलिस ने सतिंद्र को लुधियाना जेल भेज दिया था।

जालंधर में पुलिस को दिया था चकमा
लुधियाना जेल में बंद होने के दौरान 29 दिसंबर 2009 को लुधियाना पुलिस के दो जवान गुरदीप सिंह व प्रगट सिंह सतिंद्र को पुराने मामलों की पेशी के लिए बटाला लेकर जा रहे थे। पेशी से लौटते समय जालंधर के पीएपी चौक से दोनों पुलिस मुलाजिमों को चकमा देकर वह फरार हो गया। सतिंद्र हथकड़ी पहने ही बस पर चढ़ गया और पुलिस मुलाजिमों को धक्का देकर भाग निकला। वहां उसपर एक और मामला दर्ज हो गया।
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कर्मचारियों को किया बहाल
एसएसपी ने बताया कि  ड्यूटी के दौरान कोताही बरतने वाले ड्यूटी पर तैनात हवलदार विक्रमजीत सिंह, यशपाल, मुख्तयार सिंह और जसविंद्र सिंह के खिलाफ थाना डिवीजन नम्बर-1 में मामला दर्ज किया गया था। उन्हें एक माह में आरोपी को पकड़ने के लिए कहा गया था। सतिंद्र को पकड़ने पर उन्हें दोबारा बहाल कर दिया गया है।


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