अमृतसर। गांव मुच्छल निवासियों ने दो लोगों को नशा खरीदते हुए दबोचा और उनकी पिटाई कर दी। इसके बाद उन्हें पुलिस के हवाले कर दिया गया। लोगों ने नशा खरीदने और बेचने वालों का बहिष्कार करने का एलान किया है। इसके साथ ही गांव में नाकेबंदी शुरू कर दी है।
मुच्छल गांव निवासी बलबीर सिंह का कहना है कि नशे के खात्मे के लिए सभी गांववासी एकजुट हो गए हैं। गांववासियों ने कहा कि नशे के साथ पकड़े जाने वालों को छुड़वाने का प्रयास करने वाले का भी बहिष्कार किया जाएगा। लंबे समय से गांव में जहरीली शराब, चिट्टा, कैप्सूल और नशीली गोलियां सरेआम बिकती हैं। इससे अब तक कई लोगों की मौत हो चुकी है। पिछले साल जुलाई में पांच लोग जहरीली शराब पीने से मर गए थे। उस समय थाना तरसिक्का के डीएसपी और थाना प्रभारी को निलंबित भी किया गया था, लेकिन राजनीतिक दबाव के चलते तस्करों के खिलाफ कठोर कार्रवाई नहीं हुई थी। गांव निवासियों का कहना है अब किसी को भी यहां नशा बेचने और खरीदने नहीं दिया जाएगा।