पंजाब एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी ने क्षेत्रीय खोज केंद्र में किसान मेला लगाया। उद्घाटन यूनिवर्सिटी के उप चांसलर डॉ. बलदेव सिंह ढिल्लों ने किया।
अपने संबोधिन में डॉ. ढिल्लों ने कहा कि हमें मशीनीकरण और मंडीकरण का लाभ लेने के लिए एकजुट होना पड़ेगा। उन्होंने किसानों को सलाह देते हुए कहा कि वह सहायक धंधों की ओर ध्यान दें।
किसानों को मुनाफे की ओर देखना चाहिए न की झाड़ की तरफ। खाद का प्रयोग करने के लिए मिट्टी की परख कराना बेहद जरूरी है।
यूनिवर्सिटी के निर्देशक पसार शिक्षा डॉ. रजिंदर सिंह सिधू ने बताया कि सहायक धंधों की ट्रेनिंग के लिए विभिन्न जिलों में कृषि विज्ञान केंद्र स्थापित किये जा रहे हैं। यूनिवर्सिटी के निर्देशक खोज डॉ. बलविंदर सिंह ने सिफारिश की गई किस्मों की जानकारी भी दी।
मुख्य खेतीबाड़ी अधिकारी डा. लखविंदर सिंह हुंदल ने विभाग की स्कीमों के बारे में जानकारी दी।
इस मौके पर यूनिवसिर्टी के प्रंबंधकीय बोर्ड के सदस्य हरदेव सिंह रियाड़, जिला परिषद मेंबर सुखजिंदर सिंह लंगाह, ड,. परमजीत सिंह काहलों, डा. तेजिंद्र सिंह रियाड़, महिंद्रपाल सिंह कौंटा चेयरमैन शूगर मिल पनियाड़, कुलदीप सिंह डिप्टी डायरेक्टर बागवानी, डॉ. परमजीत कौर घुम्मन, स्वर्ण सिंह सीनियर मछली पालन अधिकारी, डॉ. बिक्रमजीत सिंह, परमजीत सिंह, लाली चीमा मौजूद थे।