सिखों के नौवें गुरु श्री गुरु तेग बहादुर जी के 400 प्रकाश पर्व शताब्दी समारोह के अवसर पर शुक्रवार को श्री अकाल तख्त साहिब से गुरु का महल तक नगर कीर्तन निकाला गया। इससे पहले गुरुवार को गुरु तेग बहादुर जी के जन्म स्थान अमृतसर के गुरुद्वारा गुरु का महल से कार्यक्रमों की शुरुआत की गई।
एसजीपीसी की ओर से अखंड पाठ के कार्यक्रम आरंभ करवाए गए। गुरु साहिब के प्रकाश स्थान पर शुरू हुए कार्यक्रम के तहत ढोल नगाड़ा की थाप पर भाई राजदीप सिंह ने अरदास की जबकि इस मौके पर दरबार साहब के हेड ग्रंथी ज्ञानी जगतार सिंह ने हुकमनामा जारी करवाया।
दरबार साहब स्थित मंजी हाल में गुरुमति समागम का आयोजन शुरू किया गया, जिसके तहत पहले दिन 20 हजार सहज पाठ के भोग डाले गए। कोरोना महामारी को देखते हुए छोटे-छोटे कार्यक्रम किए जा रहे हैं। मंजी हाल में ज्यादा भीड़ न करते हुए कुछ लोगों ने ही इसमें हिस्सा लेते हुए सहज पाठ किया बाकियों ने ऑनलाइन होकर इस पाठ में हिस्सा लिया। इस मौके पर विशेष रूप से एसजीपीसी अध्यक्ष बीबी जागीर कौर मंजी साहब हाल पहुंचीं। एक मई को गुरु का महल गुरुद्वारे में अखंड पाठ का भोग डाला जाएगा वही मंजी साहब दीवान हाल में एक बड़ा कार्यक्रम होगा। इसके तहत संगठनों को विभिन्न माध्यमों से जोड़कर उस कार्यक्रम को सफल बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि प्रकाश पर्व के तहत कवि दरबार भी आयोजित किया जाएगा, जिसमें गुरु साहिब के इतिहास से जुड़ी कविताओं को कवि अपने ढंग से पेश करेंगे।