नोटों के बंडल के ऊपर व नीचे एक-एक असली नोट लगाकर बीच में रद्दी भरकर ठगने वाले अंतरराज्यीय गिरोह को थाना ढिलवां पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इन ठगों से पुलिस ने इस तरह नोटों के बंडल भी बरामद किए हैं।
एसएचओ ढिलवां जरनैल सिंह ने बताया कि गुरप्रीत सिंह निवासी गांव जयरामपुर ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि कुछ दिन पहले वह गुरुद्वारा साहिब चंद पुराना में माथा टेकने गया था। यहां उसे गुरनाम सिंह निवासी वार्ड नं.1 थाना धर्मकोट जिला मोगा हाल निवासी गांव बंब थाना जीरा जिला फिरोजपुर व कर्मजीत सिंह निवासी गांव भोयेपुर थाना धर्मकोट जिला मोगा मिले थे।
उन्होंने कहा कि उनके पास ऐसे तीन नकली नोटों के बंडल हैं, जोकि एक लाख के एवज में तीन लाख के मिल सकते हैं और मार्केट में चलने पर इनके नकली होने का पता भी नहीं चलता है। दोनों ने उसे पैसों का प्रबंध करने के लिए कहा। पांच अप्रैल को दोनों उसे मिलकर गए और छह अप्रैल को पैसे लेकर आने का कहा।
जब दोनों सेंट्रो कार में पैसे लेकर आए तो गुरप्रीत सिंह की ओर से इशारा करने पर पहले ही ट्रैप लगाकर बैठी ढिलवां पुलिस ने इन्हें दबोच लिया। एसएचओ ने बताया कि एएसआई बलविंदर सिंह व एचवी जसबीर सिंह ने दोनों से एक बैग बरामद किया, जिसमें दो बंडल 100 व 500 के नोटों वाले मिले। इन बंडलों पर अच्छी तरह से टेप लगी हुई थी जब बंडल खोलकर चेक किए तो ऊपर-नीचे तो 500 व 100 के नोट दिखाई दे रहे थे, लेकिन अंदर खाली कापी की रद्दी भरी हुई थी।
पूछताछ में गुरनाम सिंह व कर्मजीत सिंह ने बताया कि यह 500 व 100 के नोट भी नकली हैं और वह इसी तरह से बंडल तैयार करके राज्य में लोगों को ठगते हैं। आरोपियों ने बताया कि वह एक इंटरस्टेट गिरोह चला रहे हैं, जिसका सरगना राजस्थान के हनुमानगढ़ निवासी सीता राम है, जो उन्हें इस तरह से नकली नोटों के बंडल तैयार करके देता है। इसके अलावा उनके गिरोह के सदस्य नकली पुलिस बनकर रेड करके लोगों को ठगते हैं।
इस गिरोह ने लुधियाना, गुरदासपुर, जगराओं, हनुमानगढ़, सिरसा, करनाल व हिमाचल में लाखों रुपये की ठगी मारी है। आरोपियों के खिलाफ थाना ढिलवां के केस दर्ज कर लिया गया है। एसएचओ जरनैल सिंह ने कहा कि जिन लोगों से ऐसी ठगी हुई है वह थाना ढिलवां से संपर्क कर सकते हैं।