फेसबुक पर किए कमेंट की शिकायत के निपटारे के लिए आए दो पक्ष थाना सिटी में ही भिड़ गए। दोनो पक्षों में मारपीट हुई और कुर्सियां चली। पुलिस ने बीच बचाव कर मामले को संभाला। दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर आरोप लगाए।
बाद में एसपी अजिंदर सिंह, डीएसपी कंवलप्रीत सिंह चाहल और सभी थाना प्रभारियों को उपस्थिति में कमेंट करने वाले पक्ष की माफी के बाद मामला निपट गया। इस सारे घटनाक्रम के दौरान थाने का गेट बंद रहा।
जानकारी के अनुसार शिवसेना बाल ठाकरे के नेता इंद्रजीत करवल के भतीजे आदित्य करवल और पार्षद दविंदर सपरा के बेटे हिमांशु सपरा के बीच किसी बात को लेकर तनातनी हुई थी। जिसको बाद में निपटा दिया गया था लेकिन दोनों के बीच बोलचाल बंद थी।
सोमवार को आदित्य ने फेसबुक पर हिमांशु सपरा पर एक कमेंट किया, जिसको लेकर सपरा ने आदित्य को पिता को बताया। मामला निपटता न देख उन्होंने सिटी पुलिस को शिकायत कर दी। इसी को लेकर दोनों पार्टियों को थाने बुलाया गया था।
बातचीत के दौरान ही दोनों पक्ष पुलिस की उपस्थिति में ही भिड़ गए। दोनों तरफ से मारपीट हुई और कुर्सियां चलने लगीं। इस पर थाने में हड़कंप मच गया था पुलिस ने मुश्किल से दोनों को अलग किया। इस दौरान करवल पर अपनी लाइसेंसी रिवाल्वर निकालने का भी आरोप लगा। थानेदार बलविंदर राय ने बताया कि रिवाल्वर जमीन पर गिरी मिली।
वहीं घल्लूघारा सप्ताह में सुरक्षा के मद्देनजर एसपी फगवाड़ा अजिंदर सिंह, डीएसपी कंवलप्रीत सिंह चाहल, थाना सिटी प्रभारी रमनदीप सिंह, थाना सदर इंस्पेक्टर सुरिंदरपाल सिंह, रावलपिंडी प्रभारी जोगिंदर पाल, एंटी फ्राड स्टाफ प्रभारी अमन शर्मा और आईटीबीपी के जवान फ्लैग मार्च के लिए थाने में एकत्रित हो रहे थे। सभी ने मिलकर स्थिति को संभाला। करीब डेढ़ दो घंटे बाद आदित्य ने कमेंट के लिए माफी मांगी। इसके बाद मामला निपट गया।