एक महिला सबइंस्पेक्टर की कथित ब्लैकमेलिंग से तंग आकर एक नौजवान बिक्रम सिंह ने अमृतसर के एक होटल के कमरे में फंदा लगाकर में खुदकुशी कर ली है। बिक्रम सिंह ने खुदकुशी से पहले सोशल मीडिया में लाइव होकर अपने परिजनों को महिला सबइंस्पेक्टर के बारे में जानकारी दी। वर्तमान में आरोपी महिला सबइंस्पेक्टर मेहता चौक थाने में तैनात है।
होटल के बाहर मीडिया से बातचीत करते हुए बिक्रम के पिता सुरिंद्रजीत ने बताया की उसका बेटा कल से घर से बाहर था। रात को उसने अपनी बेटी को फोन कर बताया की वह सुबह घर आएगा। शनिवार दोपहर को बिक्रम ने अपनी बहन को सोशल मीडिया में यह जानकारी दी कि एक महिला सबइंस्पेक्टर जो उनके नयां पिंड गावं की है, उसे ब्लैकमेल कर रही है। वह महिला सबइंस्पेक्टर को 18 लाख रुपये दे चुका है। लॉकडाउन के दौरान उसने उसे दो लाख दिए थे, साथ ही कहा था की अब उसके पास और पैसे नहीं है।
इसके बाद भी वह तंग करने से पीछे नहीं हटी । वह पैसे मंगवाने के लिए एक व्यक्ति को भेजती थी, जिसका नाम मंजीत सिंह है। मंजीत भी पुलिस में है। बिक्रम ने अपनी बहन को मंजीत सिंह का कार नंबर भी बताया है। पिता सुरिंद्रजीत ने आरोप लगाया महिला सबइंस्पेक्टर उसके बेटे को जान से मारने की धमकियां देती थी। बिक्रम व महिला सबइंस्पेक्टर के बीच संबंध थे, इसकी जानकारी उसे गांव के लोगों से मिली है। बिक्रम की मां ने रोते हुए बताया की वह अक्सर कहती थी की मैंने तेरे बेटे को तेरे से छीन लेना है, मुझे नहीं पता था कि वह मेरे बेटे को ब्लैकमेल कर खुदकुशी करने के लिए मजबूर करेगी।
पुलिस कमिश्नर को दी है मामले की जानकारी: एसएचओ
एसएचओ बटाला नगर सुखदेव सिंह ने बताया की बिक्रम ने होटल के कमरे में पंखे के साथ फंदा लगा कर खुदकुशी की है। बिक्रम के पिता के बयान लेने के बाद एफआईआर दर्ज की जाएगी। बिक्रम की ओर से सोशल मीडिया में अपलोड की गई पोस्ट उन्होंने कब्जे में ले ली है। महिला सबइंस्पेक्टर पर लगाए गए आरोपों के मामले की जानकारी पुलिस कमिश्नर डॉ. सुखचैन सिंह को दे दी गई है। मामले की जांच जारी है। बिक्रम का शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।