दीनानगर में मंत्री अरुणा चौधरी के घर का घेराव करते हुए
- फोटो : GURDASPUR
‘आईसीडीएस बचाओ, बचपन बचाओ’ की मांग को लेकर सैकड़ों आंगनबाड़ी वर्करों और हेल्परों ने रैली के बाद कैबिनेट मंत्री अरुणा चौधरी के घर का घेराव किया। 12 अक्तूबर को शिक्षा मंत्री विजय इंदर सिंगला की कोठी का घेराव किया जाएगा।
राष्ट्रीय प्रधान ऊषा रानी ने कहा कि प्रदेश सरकार आंगनबाड़ी केंद्रों को खत्म करने पर लगी हुई है। दो अक्तूबर 1975 को आईसीडीएस स्कीम का गठन हुआ था। पूरे देश में इस समय 14 लाख आंगनबाड़ी केंद्र आठ करोड़ से अधिक जीरो से छह साल के बच्चों, एक करोड़ से अधिक गर्भवती महिलाओं और माताओं को सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। पंजाब में आंगनबाड़ी केंद्रों की संख्या 26656 है। 45 वर्षों से आंगनबाड़ी केंद्रों द्वारा अर्ली चाइल्ड हुड केयर एंड एजुकेशन पॉलिसी के तहत प्री स्कूल शिक्षा दी जाती है।
सीटू पंजाब के महासचिव रघुनाथ सिंह, प्रदेश प्रधान हरजीत कौर और महासचिव सुभाष रानी ने कहा कि वर्कर, हेल्पर कोरोना काल में भी शिद्दत से काम कर रहे हैं। इसके बावजूद उनके लिए कोई प्रबंध नहीं किया गया। 12 अक्तूबर को शिक्षा मंत्री विजय इंदर सिंगला की कोठी का घेराव किया जाएगा। मांगों का समाधान न किया गया तो संघर्ष को और तेज किया जाएगा। मौके पर उप प्रधान अनूप कौर, वरिंदर कौर, ज्वाइंट सचिव, कृष्णा कुमारी, गुरमिंदर कौर, गुरबख्श कौर, राजविंदर कौर, अमृतपाल कौर उपस्थित थीं।