उपमुख्यमंत्री सुखबीर बादल शुक्रवार को एनकाउंटर में मारे गए अकाली नेता मुखजीत सिंह मुक्खा के परिजनों से संवेदना करने के लिए वेरका स्थित उनके आवास पर पहुंचे।
वहां उन्होंने मुखजीत के पिता मुलतान सिंह, माता चरण कौर व मृतक की पत्नी हरजीत कौर के साथ गहरी संवेदना व्यक्त की। उसके बाद पत्रकारों से बातचीत में सुखबीर बादल ने कहा कि मुखजीत की मौत से अकाली दल काफी आहत है।
जिन पुलिस मुलाजिमों ने मुखजीत का एनकाउंटर किया उन्हें तत्काल सस्पेंड कर उनपर कार्रवाई करने के आदेश डीजीपी को दिए गए है। परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी व मुख्यमंत्री से बात कर आर्थिक मदद भी की जाएगी।
इस बीच गांव वेरका में पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए थे। करीब डेढ़ सौ पुलिस मुलाजिमों को चप्पे-चप्पे पर खड़ा किया गया था। उपमुख्यमंत्री के आने से पहले बम निरोधक दस्ते और डॉग स्कवायड ने चेकिंग की। सुरक्षा का जिम्मा डीसीपी परमपाल सिंह व केतल पाटिल सौंपी गई थी।
एसआई को जांच रिपोर्ट जल्द पेश करने के आदेश
डिप्टी सीएम ने एसआईटी टीम के इंचार्ज नागेश्वर राऊ को मुखजीत केस में जल्द रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए है। जांच में उनके साथ डीआईजी बार्डर रेंज एके मित्तल व एसीपी क्राइम जगजीत सिंह वालिया हैं।
परिजनों को मिलेगी सुरक्षा
मुखजीत सिंह मुक्खा के परिजनों को सरकार की तरफ से पुलिस द्वारा सुरक्षा प्रदान की जाएगी। इसका आदेश डिप्टी सीएम ने पुलिस कमिश्नर जतिंदर सिंह औलख को दिया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में असाल्ट राइफल की दो गोली निकली
फोरेंसिक विभाग के मुखी डॉ. गुरमनजीत सिंह मान ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मुखजीत के शरीर में 2 असाल्ट राइफल की गोलियां मिली हैं। इसके अलावा उसके शरीर में दस से 12 गोलियां के निशान हैं।