चार महानगरों में गंदे नालों का पानी होगा निर्मल : सिद्धू
बोले- बनेगी सैरगाह, केंद्र के सहयोग से पंजाब सरकार करेगी एग्रीमेंट
अमर उजाला ब्यूरो
अमृतसर।
निकाय मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा कि पंजाब सरकार ने एलान किया है कि पटियाला, जालंधर, लुधियाना और अमृतसर में बहने वाले गंदे नाले का पानी निर्मल कर पीने योग्य बनाया जाएगा। इसे अत्याधुनिक तकनीक से बनाया जाएगा, यहां लोग सैर करेंगे, रंग-बिरंगे फूल लगेंगे और सिस्टम प्रणाली दुरुस्त हो जाएगी। इसके लिए जल्द ही चंडीगढ़ में एग्रीमेंट होंगे। उन्होंने कहा कि यह योजना केंद्र सरकार की है, जिसे पंजाब सरकार लागू करने जा रही है। दिल्ली से आई टीम के प्रपोजल देखने के बाद निकाय मंत्री ने दावा किया कि प्रति एक किलोमीटर पर एक करोड़ रुपये खर्च होंगे। वहीं इसकी देखभाल के लिए चार से पांच लाख रुपये खर्च होंगे।
उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट के तहत जहां गंभीर समस्या से जूझ रहे इन चार महानगरों को निजात मिलेगी, वहीं बिजली सौर ऊर्जा से पैदा की जाएगी। भारत सरकार की ओर से अपनाई जा रही इस तकनीक को महाराष्ट्र में लागू किया जा चुका है। सिद्धू ने कहा कि पंजाब पांच दरियाओं के बीच बसा है। कई बरसाती नाले हैं और कई जगह पर सियासत ने बरसाती नाले बंद करवा कर जमीनों के भाव आसमान पर पहुंचा दिए हैं, लेकिन उन्हें इस बात से कोई लेना देना नहीं है।
निकाय मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा कि पंजाब सरकार ने सीवरेज प्रणाली कैप्टन सरकार के आने के बाद सूबे भर में 30 से 35 प्रतिशत सुधारी है, लेकिन बीते दस सालों में करोड़ों का प्रोजेक्ट लाकर क्या हुआ यह मेरे समझ से बाहर है।
सिद्धू ने की कमिश्नर की तारीफ
जिस कमिश्नर सोनाली गिरी पर कुछ महीने पहले सिद्धू ने कई आरोप जड़े थे। उसी सोनाली गिरी की उन्होंने प्रशंसा करते हुए कहा कि यह हम सभी का सौभाग्य है कि हमें युवा कमिश्नर मिली। सिद्धू के विरोध के बाद भी कैप्टन सरकार ने सोनाली गिरी को दोबारा अमृतसर के नगर निगम में कमिश्नर की कुर्सी सौंप दी थी।