भारतीय छात्रा तस्नीम असलम को उसकी मेधा और उत्कृष्ट अकादमिक रिकॉर्ड के लिए संयुक्त अरब अमीरात का प्रतिष्ठित 10 साल का गोल्डन वीजा मिला है। बता दें यह एक ऐसा वीजा है जो मुख्यत: वैश्विक हस्तियों को ही दिया जाता है। एक समाचार पत्र की खबर के मुताबिक केरल की रहने वाली असलम को असाधारण विद्यार्थी वर्ग के तहत यह वीजा मिला है और उसे 2031 तक देश में रहने की अनुमति मिल गई है।
दीर्घकालीन निवास वीजा के लिए एक नई प्रणाली लागू
संयुक्त अरब अमीरात ने साल 2019 में दीर्घकालीन निवास वीजा के लिए एक नई प्रणाली लागू की, जिसके बाद विदेशी लोगों को यहां बिना किसी राष्ट्रीय प्रायोजक की आवश्यकता के रहने, काम करने और पढ़ाई करने की अनुमति मिल गई।
अपने आप हो जाता है गोल्डन वीजा का नवीनीकरण
यह गोल्डन वीजा 10 साल के लिए जारी किए जाते हैं और इनका नवीनीकरण अपने आप हो जाता है। असलम ने समाचार पत्र से बातचीत के दौरान कहा कि यह उनकी जिंदगी के सबसे बेहतरीन पलों में से एक है और इसे पाकर उन्हें बेहद खुशी हो रही है।
अपनी कक्षा में प्रथम आई हैं तस्नीम असलम
असलम शारजाह स्थित अल कासिमिया विश्वविद्यालय में इस्लामी शरिया की पढ़ाई कर रही हैं और वह अपनी कक्षा में प्रथम आई हैं। इस कक्षा में 72 देशों के विद्यार्थी हैं। बताते चले कि हाल ही में अभिनेता संजय दत्त को भी यह वीजा मिला था।
संजय दत्त को भी मिला गोल्डन वीजा
हाल ही में बॉलीवुड अभिनेता संजय दत्त को भी यह वीजा मिला था। बॉलीवुड एक्टर संजय दत्त ने ट्वीट करके जानाकरी दी थी कि उन्हें यूएई की तरफ से गोल्डन वीजा मिला है। इसी के साथ दत्त गोल्डन वीजा पाने वाले पहले भारतीय भी बन गए।
गोल्डन वीजा के लिए है शर्त
बताते चलें कि यूएई की ओर से यह गोल्डन वीजा सिर्फ निवेशकों को ही दिया जाता है। इसके लिए एक शर्त होती है कि व्यक्ति कम से कम 10 मिलियन दिरहम का निवेश करे। भारतीय रुपये में कम से कम 20 करोड़ का निवेश होना चाहिए। अगर कोई व्यक्ति यूएई में बैंक अकाउंट खोलकर उसमें 20 करोड़ रुपये जमा करते हैं, तो उसे यह वीजा मिल सकता है।