आजकल लिव इन रिलेशनशिप का चलन जोरों पर है। लेकिन एक जगह ऐसी है जहां शादी से पहले साथ रहने को गलत संबंधों का नाम दिया जा रहा है।
जी हां, पोप फ्रांसिस की नजर में शादी से पहले साथ रहना गलत है। उनके मुताबिक, लिव इन के चलन से शादी अस्थाई हो गई है और यह एक गंभीर समस्या है।
जो कैथोलिक जोड़े शादी से पहले साथ रहते हैं, उनके बारे में पोप फ्रांसिस कहते हैं कि वो इस मुद्दे से निपटने के लिए इसका अध्ययन करने के आदेश देंगे।
फ्रांसिस ने वेटिकन के सायनॉड ऑफ बिशप से सदस्यों से कहा कि आज कई कैथोलिक बिना शादी के एक-दूसरे के साथ रह रहे हैं। इससे शादी का मूल्य कम हो रहा है।
पोप ने कहा कि अक्तूबर माह में कैथोलिक समुदाय पर एक अध्ययन कराए जाने की जरूरत है। हालांकि उन्होंने यह नहीं बताया कि यह अध्ययन कौन करेगा।
गौरतलब है कि सायनॉड ऑफ बिशप की स्थापना पोप पॉल चतुर्थ ने कैथोलिक गिरिजा घर के खास मुद्दों का अध्ययन करने और इसका समाधान निकालने के लिए 1965 में की थी।