फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Uttarakhand Forest Fire: धधकते जंगल... सुलगते पहाड़ और सांसों पर संकट, अब भयावह आग पर काबू पाने का ये है प्लान

Sat, 27 Apr 2024 01:17 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
विज्ञापन
1 of 16
Uttarakhand Forest Fire - फोटो : अमर उजाला
उत्तराखंड के जंगलों में फैली आग का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। नैनीताल के पास भवाली दुगई स्टेट से सटे जंगल से बर्मा टोप के जंगलों तक पहुंच गई है। इसके अलावा आग की लपटें नैनीताल में हाईकोर्ट कॉलोनी के पास भी पहुंच गई हैं। नैनीताल में लड़ियाकांटा इलाके के जंगल में भी आग फैली हुई है। तेज हवाओं के कारण आग पर काबू पाने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है। यहां फैल रही आग पर काबू पाने के लिए सेना की मदद ली जा सकती है।
 
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 16
जंगल में आग - फोटो : अमर उजाला
जानकारी के अनुसार, नैनीताल के लड़ियाकाटा एयर फोर्स, पाइंस, गेठिया, बलदियाखान, एरीज, बारा पत्थर के पास जंगल क्षेत्र में आग लगी हुई है। जिसको काबू करने का प्रयास किया जा रहा है। मौके पर दमकल विभाग और वन विभाग है। 
 
विज्ञापन

3 of 16
जंगलों में आग - फोटो : अमर उजाला
कुमाऊं के जंगल में 26 जगह लगी आग
कुमाऊं में जंगल धधक रहे है। आग की घटनाएं लगातार जारी हैं। बीते 24 घंटे में एक-दो नहीं बल्कि कुमाऊं के जंगलों में 26 जगहों पर आग लगी है। प्रदेश के 31 जगहों पर आग लगने की घटना हुई है, इसमें सर्वाधिक आग लगने की घटना कुमाऊं में 26 स्थानों पर हुई। गढ़वाल मंडल में कोई भी घटना नहीं हुआ है, जबकि वन्यजीव क्षेत्र में पांच स्थानों पर आग लगने की घटनाएं हुईं। इन घटनाओं में करीब 34 हेक्टेयर क्षेत्रफल में वनसंपदा को नुकसान पहुंचा है।

4 of 16
जंगल में लगी आग - फोटो : अमर उजाला
चमोली के जंगलों में फिर भड़की आग
चमोली जिले के जंगलों में आग फिर धधक गई है। शुक्रवार को जिले के अलग-अलग पांच जगह पर वनाग्नि की घटनाएं सामने आई हैं। जिससे बड़ी मात्रा में वन संपदा नष्ट हो गई है। शुक्रवार को गोपेश्वर के पास कोठियालसैंण और ग्वीलों के जंगल में आग भड़क गई। चीड़ के जंगल में आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया। वहीं सुबह इंजीनियरिंग कॉलेज के नीचे के जंगल में भी आग लग गई। आग आईटीबीपी कैंपस में घोड़े के अस्तबल के पास तक पहुंच गई।

 
विज्ञापन

5 of 16
नैनीताल के जंगलों में आग - फोटो : अमर उजाला
सूचना पर फायर सर्विस गोपेश्वर की टीम ने मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद आग को बुझा दिया। वहीं दोपहर को देवखाल के जंगल में भी आग भड़क गई। देखते ही देखते आग जंगल के बड़े क्षेत्र में फैल गई है।

 
विज्ञापन

6 of 16
भवाली में चारों ओर आग - फोटो : अमर उजाला
वहीं पोखरी विकासखंड के विशाल ग्राम पंचायत की सिविल भूमि में चीड़ के जंगल में आग लग गई। वन सरपंच महिपाल सिंह ने वनाग्नि की सूचना केदारनाथ वन प्रभाग को दी। प्रभाग की नागनाथ रेंज के वन दरोगा आनंद सिंह रावत फायर वाचरों के साथ मौके पर पहुंचे, काफी मशक्कत के बाद वन कर्मियों ने आग को काबू कर लिया है।

 
विज्ञापन

7 of 16
जंगल लगातार धधक रहे हैं। - फोटो : अमर उजाला
दरअसल, इस साल बारिश और बर्फबारी न होने गर्मी अधिक होने लगी है। बढ़ते तापमान के बीच नैनीताल व आसपास के जंगलों में भीषण आग लगी हुई है। खड़ी पहाड़ियों में आग लगने के चलते वह विभाग व दमकल विभाग की टीम भी कई स्थानों पर आग पर काबू नहीं पा सकी है। जिसके चलते जंगल जलकर राख हो चुके हैं। 

 

8 of 16
जंगलों में आग का तांडव - फोटो : अमर उजाला
ऐसा पाया जा रहा है आग पर काबू
नैनीताल के आसपास के जंगल के क्षेत्र में लगी आग पर अब हेलीकॉप्टर की मदद से पानी डाला जा रहा है। नैनीझील और भीमताल की झील से पानी निकालकर वायुसेना के हेलीकॉप्टर की मदद से आग पर पानी बरसाया जा रहा है। जिसके चलते झील में नौकायन भी बंद है। शुक्रवार को सेना के जवानों ने हेलीकाप्टर से झील की रेकी भी की थी।

 

9 of 16
नैथाना के जंगल में लगी आग - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
ईओ प्रशिक्षु आईएएस राहुल आनंद ने बताया कि जिलाधिकारी वंदना सिंह के आदेश पर प्रशासनिक और विभागीय अधिकारी अलर्ट हैं। विविध माध्यमों से सामंजस्य बनाकर वनाग्नि पर काबू करने के प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में वायुसेना के अधिकारियों से भी बातचीत की गई।

 

10 of 16
देवप्रयाग ब्लॉक के त्युणा के पास जंगल में लगी आग - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
शुक्रवार को वायुसेना के हेलीकॉप्टर ने झील परिक्षेत्र का निरीक्षण भी किया। शनिवार की सुबह से दो हेलीकॉप्टर की मदद से नैनीझील और भीमताल झील से पानी लेकर वनाग्नि रोकथाम की पहल शुरू कर दी गई है। झील में नौकायन बंद करने के निर्देश दिए जा चुके हैं। 

 

11 of 16
टिहरी जौनपुर ब्लॉक के अलमस गांव के जंगल में लगी आग। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
झील मालिक चालक समिति अध्यक्ष राम सिंह का कहना है कि शुक्रवार को शाम 5:30 बजे से नौकाएं बंद कर दी गई थी। पालिका की ओर से निर्देश दिए गए हैं कि दोपहर दो बजे तक नाव का संचालन बंद रखें।

 

12 of 16
सतपुली-रीठाखाल मोटर मार्ग पर बेलपाणी में धधक रहा सोलर प्लांट। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
भीमताल से बेतालघाट के जंगल आग से धधकते रहे
शुक्रवार को एयर फोर्स के हेलीकॉप्टर ने भीमताल झील का तीन से चार बार चक्कर लगाकर सर्वे किया। भवाली वन क्षेत्राधिकारी विजय मेलाकनी ने बताया कि जंगलों में आग को रोकने के लिए विभाग एयर फोर्स की मदद से हेलीकॉप्टर में पानी भरकर जंगलों में लगी आग को बुझाने की तैयारी कर रहा है।

 

13 of 16
टिहरी-घनसाली मोटर मार्ग पर पडागली के समीप जंगल में लगी आग - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इधर बेतालघाट के हरोली, कुजोली और धनियाकोट के जंगल में शुक्रवार को आग लगने से वन संपदा को नुकसान पहुंचा है। कुजोली के जंगल में लगी आग दोपहर बाद धनियाकोट इंटर कॉलेज और कुजोली गांव तक पहुंच गई। पूर्व सरपंच कमल जोशी ने बताया कि ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत के बाद विद्यालय परिसर से पहले को आग पर काबू पाया। 

 

14 of 16
केदारनाथ वन प्रभाग जंगलों में भीषण आग - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
वहीं विनायक रेंज में घोडियाहल्सों और सौपाटी के जंगल में देर रात तक आग लगी रही। आबादी क्षेत्र में पहुंचती आग को लोगों मुश्किल से रोका। इधर, भवाली के शीतला देवी मंदिर और सैनिक स्कूल घोड़ाखाल से लगे जंगल में आग लग गई। मंदिर के पुजारी प्रकाश चंद्रा ग्रामीणों और वन विभाग के साथ आग बुझाने में लगे रहे। डिप्टी रेंजर दीप जोशी ने बताया कि दो घंटे की मशक्कत के बाद आग को बुझा लिया गया।

 

15 of 16
धधक रहे उत्तराखंड के जंगल - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
असहाय वन विभाग काबू नहीं कर पा रहा जंगलों की आग
कंडीसौड़ (टिहरी) में फायर सीजन में जंगलों को आग से बचाने की तैयारी में जुटे वन विभाग की तैयारियां धरी की धरी रह गई है। एक ही समय कई जगहों पर आग लगने पर विभाग असहाय नजर आ रहा है। विभागीय कर्मचारियों को सूचना देने पर वह मैन पावर की कमी का रोना रो रहे हैं। जिससे जगह-जगह जंगल धधक रहे हैं। शुक्रवार को सुबह 10 बजे सुनारगांव के सिविल वन क्षेत्र में लगी आग पांच घंटे बाद काबू की गई। वन कर्मियों के वहां से आग बुझाकर लौटने के डेढ़ घंटे बाद ही कंडीसौड़ का जंगल धधकने लगा। स्थानीय लोगों ने वन विभाग को सूचना दी। वन कर्मियों ने बताया कि वह मैंडखाल क्षेत्र के पदोगी, लवाणी, कस्तल और भंडार्की के जंगल में लगी आग बुझाने में व्यस्त हैं।

 
विज्ञापन

16 of 16
उत्तराखंड के जंगलों में लगी आग - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
सांसों पर भी संकट
नैनीताल में लड़ियाकाटा के जंगल में लगी आग की वजह से भवाली जाने वाली सड़क पर धुआं छाया है। इस धुएं से सांस लेने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। धुएं की वजह से दम घुट रहा है। नैनीताल में आग ने द पाइंस के पास स्थित एक पुराने और खाली घर को चपेट में लिया। हालांकि आग लगने की इस घटना से कोई नुकसान नहीं हुआ है, लेकिन यह आग विकराल रूप लेते हुए इमारतों के पास पहुंच गई है। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें