इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता में आयोजित एशियन गेम्स में भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा कायम है। इन्हीं के बीच बनारस का लाल विजय यादव भी पदक का प्रबल दावेदार है। विजय जूडो के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी हैं और पिछली कुछ प्रतियोगिताओं से शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं। वह आज शाम जकार्ता के लिए रवाना होंगे। 60 किलोग्राम भारवर्ग में प्रतिभाग करने वाले इस खिलाड़ी ने विश्वास जताया है कि उसे पदक जरूर मिलेगा। आगे की स्लाइड्स में देखें..
विज्ञापन
2 of 7
vijay yadav
- फोटो : अमर उजाला
बनारस का यह लाल जूडो के 60 किलो भर वर्ग में अपनी चुनौती पेश करेगा। विजय जकार्ता में चल रहे एशियन गेम्स में भारत की तरफ से जाने वाली छह सदस्यीय जूडो टीम में सिर्फ भारत का ही नहीं बल्कि उत्तर प्रदेश का भी प्रतिनिधित्व करेंगे। विजय यादव ने रीजनल स्पोर्ट्स स्टेडियम से जूडो का सफर शुरू किया था। साई लखनऊ में उसने जूडो का प्रशिक्षण प्राप्त किया और अपनी मेहनत के बल पर आगे बढ़ते रहे। 29 अगस्त से जकार्ता में शुरू हो रही जूडो प्रतियोगिता में वह अपनी धमक दिखाने को तैयार है।
विज्ञापन
3 of 7
vijay yadav
- फोटो : अमर उजाला
विजय का कहना है कि उसकी तैयारी पूरी है। कहा कि सभी देशवासियों की दुआएं उसके साथ हैं और उसने काफी मेहनत की है। उसे पदक जरूर मिलेगा। बताया कि मेरा पदक देश को समर्पित होगा। लखनऊ रवाना होने से पहले कहा कि मैं टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम (टॉप्स) में शामिल हूं। इसके लिए मैं जार्जिया और हंगरी में अभ्यास कर रहा था। विजय के कोच और इस समय सहारनपुर स्पोर्ट्स स्टेडियम के डीएसओ काशी नरेश यादव ने बताया कि विजय के पिता चंडीगढ़ में एक कृषि यंत्र निर्माण करने वाली कंपनी में कार्यरत हैं और उनकी माता वाराणसी में ही रहती हैं।
4 of 7
vijay yadav
- फोटो : अमर उजाला
जब हम लाल सर के साथ वाराणसी के सम्पूर्णानंद स्टेडियम में जूडो सीखते थे तो उन्होंने हमसे कहा कि आप लोग और लड़कों को प्रोत्साहित किजिए। उसी समय मेरी मुलाकात विजय से हुई और उसे स्टेडियम ले आया। यहां से गोरखपुर ले गया तो वहां विजय का चयन कुश्ती में हो गया, लेकिन उसका मन जूडो में ज़्यादा लगता था। उसके बाद साल 2008 में उसे मैंने अपने पास सहारनपुर स्पोर्ट्स स्कूल में बुला लिया, जहां उसके जूडो को तराशा।
विज्ञापन
5 of 7
vijay yadav
- फोटो : अमर उजाला
वाराणसी के चोलापुर ब्लाक के महरिया सुलेमानपुर निवासी विजय यादव 23 अगस्त को जकार्ता पहुंचेंगे और वहां 28 तारीख को होने वाले ड्रा में ये पता चलेगा कि उनके प्रतिद्वंदी कौन हैं। यूपी जूडो एसोसिएशन के मुनव्वर अंजार ने इस संबंध में बताया कि विजय के अंदर प्रतिभा कूट-कूट के भरी है। 60 किलो भार वर्ग सबसे टफ है लेकिन विजय एक युवा खिलाड़ी है।
विज्ञापन
6 of 7
vijay yadav
- फोटो : अमर उजाला
विजय कुमार यादव उत्तर प्रदेश की ओर से खेलते हुए राष्ट्रीय स्तर पर तमाम पदक जीत चुके हैं। अंतररराष्ट्रीय स्तर पर विजय सीनियर साउथ एशियन जूडो प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक, यूथ एशियन प्रतियोगिता में रजत व कांस्य पदक जीतकर प्रदेश और भारत का मान बढ़ा चुके हैं। इसके अलावा सीनियर एशियन जूडो प्रतियोगिता में पांचवां तथा वर्ल्ड ग्रांड प्रिक्स, क्रोशिया में सातवां स्थान हासिल कर चुके हैं।
प्रदेश के पांच अफसर हैदराबाद में आईएएस का प्रशिक्षण लेने गए थे।
- फोटो : डेमो पिक
विजय ने नेशनल गेम्स में लगातार तीन बार गोल्ड जीता है और जूडो के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी रहे हैं। उनकी प्रतिभा को निखारने में जूडो के कोच अर्जुन एवार्डी यशपाल सोलंकी का महत्वपूर्ण योगदान है। विजय ने अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भी बेहतर प्रदर्शन किया है। अप्रैल में नेपाल में आयोजित दक्षिण एशिया जूडो चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया।