फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: गैस सिलिंडर के लिए मची होड़, केंद्रों पर लंबी कतारें, इंडक्शन और कोयले की बिक्री बढ़ी; देखें तस्वीरें

Thu, 12 Mar 2026 10:15 PM IST
Aman Vishwakarma अमर उजाला नेटवर्क, चंदौली।

सार

Chandauli News: इस समस्या के बाबत व्यापारियों का कहना है कि गैस सिलिंडर की उपलब्धता को लेकर लोगों में बनी आशंका के कारण वे पहले से ही लकड़ी और कोयले का स्टॉक करने लगे हैं, जिससे बाजार में इनकी मांग तेजी से बढ़ रही है।
विज्ञापन
1 of 5
घर पर सिलिंडर ले जाते दंपती। - फोटो : संवाद
चंदौली में एलपीजी गैस के लिए उपभोक्ताओं में पूरे दिन अफरा-तफरी रही। गैस वितरण केंद्रों पर लंबी कतारें लगी रहीं। लोग सिलिंडर लेने के लिए कड़ी धूप में घंटों इंतजार करते रहे। चकिया गैस वितरण केंद्र पर हालात ऐसे रहे कि बुजुर्ग दंपती, महिलाएं और युवतियां तक सिलिंडर की टंकियां लेकर जाते दिखीं।

सिलिंडर के लिए 60 मीटर लंबी कतार लगी रहीं। उपभोक्ता खाली सिलेंडर लिए धूप में खड़े रहे। स्थिति को देखते हुए गैस वितरण के दौरान पुलिसकर्मियों को भी तैनात किया था। कई उपभोक्ताओं ने बताया कि पहले उन्हें होम डिलीवरी से सिलिंडर मिल जाता था, लेकिन अब घंटों लाइन में लगना पड़ रहा है। उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के अचानक बड़ी संख्या में आने से भी गैस की मांग बढ़ गई है।

केवाईसी के बाद ही मिल रहा सिलिंडर
इलिया। कस्बा के बृजराजी भारत गैस एजेंसी पर गैस वितरण सुचारू रूप से किया जा रहा है, लेकिन उपभोक्ताओं को सिलिंडर से पहले उनके कनेक्शन का केवाईसी कराना अनिवार्य किया है। जिनका केवाईसी नहीं हुआ है, उनका एजेंसी पर ही प्रक्रिया पूरी कराई जा रही है। एजेंसी संचालक निकू सिंह ने बताया कि सभी उपभोक्ताओं का केवाईसी जरूरी है। साथ ही गैस सिलिंडर के बाद अगला सिलिंडर 25 दिन बाद ही उपलब्ध कराया जाएगा।
विज्ञापन

2 of 5
एजेंसी के बाहर अपनी बारी का इंतजार करते उपभोक्ता। - फोटो : संवाद
गेल 1000 घरों में कर रहा गैस की सप्लाई
ईरान और इस्राइल के बीच युद्ध के चलते लोगों में सिलिंडर के लिए घबराहट है। वहीं लोग भविष्य में किल्लत के लिए सशंकित है। वहीं दूसरी तरफ गेल की ओर से जिले में एक हजार घरों में पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) की सप्लाई की जा रही है। जनवरी 2021 में गेल की ओर से पीएनजी पाइप लाइन बिछाने का कार्य शुरू किया गया था। पाइप लाइन बिछाने के बाद गेल की ओर से 11 हजार घरों की रसोईयों तक पाइप लाइन पहुंचा दी है।

गेल के मुख्य प्रबंधक साकेत चक्रवर्ती ने बताया कि वर्तमान में एक हजार लोगों ने पेमेंट करके कनेक्शन चालू करवा लिये हैं। वहीं दूसरी तरफ 10 हजार लोगों के रसोई तक पाइप लाइन पहुंच गई है। जो भी भुगतान करेगा, उसके यहां सप्लाई शुरू हो जाएगी। पीएनजी की कोई कमी नहीं है। किसी भी प्रकार की किल्लत नहीं होगी।
विज्ञापन

3 of 5
एजेंसी के बाहर अपनी बारी का इंतजार करते उपभोक्ता। - फोटो : संवाद
इंडेन गैस एजेंसी के बाहर नोटिस चस्पा, केवाईसी, आधार अपडेट की अपील
नगर के इंडेन गैस एजेंसी शाखा के बाहर उपभोक्ताओं के लिए एक नोटिस चस्पा है, इसमें गैस कनेक्शन से संबंधित आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है। नोटिस में उपभोक्ताओं से कहा है कि वे गैस कनेक्शन का केवाईसी अवश्य कराएं। डीएसी नंबर बताना अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करें। इसके साथ ही उपभोक्ताओं को अपना आधार कार्ड भी अपडेट कराने के लिए कहा गया है।

इंडक्शन चूल्हे की बिक्री बढ़ी
गैस सिलिंडर को लेकर बनी स्थिति का असर बाजार पर भी दिख रहा है। चंदौली में इंडक्शन चूल्हे और इलेक्ट्रिक केटल की बिक्री तेजी से बढ़ गई है। इलेक्ट्रिक व्यवसायी राममोहन ने बताया कि दो दिनों में ही 14 इंडक्शन चूल्हे बिक चुके हैं। वहीं गल्ला मंडी के व्यापारी भानु जायसवाल ने बताया कि उनके यहां दो दिन में 20 से अधिक इंडक्शन बिक चुके हैं।

4 of 5
घर पर सिलिंडर लेकर जातीं महिलाएं। - फोटो : संवाद
शादी के लिए पड़ोसियों से बुकिंग न करने की गुहार
गैस सिलिंडर की अनिश्चितता के कारण शादी-ब्याह वाले घरों में भी चिंता बढ़ गई है। नियामताबाद ब्लॉक के हृदयपुर में सोहन लाल प्रसाद की बेटी की शादी के लिए एजेंसी से व्यावसायिक सिलिंडर की बात हुई थी, लेकिन समय पर सिलिंडर नहीं मिला। ऐसे में पड़ोसियों से छह सिलिंडर लेकर काम चलाया गया। वहीं लढुआपर गांव के रामवृक्ष यादव ने बेटी की 25 अप्रैल को होने वाली शादी के लिए अभी से आठ पड़ोसियों से गैस सिलिंडर का इंतजाम करने को कहा है।

रेस्टोरेंट में कोयले की भट्ठी हो रही तैयार
गैस की अनिश्चितता के कारण होटल और रेस्टोरेंट संचालक भी परेशान हैं। रेस्टोरेंट संचालक सोनू सेठ ने बताया कि सिलिंडर न मिलने की स्थिति में उन्होंने कोयले की भट्ठी तैयार कराई है। यदि गैस नहीं मिली तो उसी पर खाना बनाना पड़ेगा। वहीं व्यवसायी मनोज अग्रवाल ने बताया कि फिलहाल पुराने सिलिंडर पर काम चल रहा है, लेकिन खत्म होने के बाद दिक्कत हो सकती है।

गैस संकट की आशंका से बढ़ी लकड़ी और कोयले की मांग
एलपीजी संकट की आशंका के बीच वैकल्पिक ईंधन के रूप में लकड़ी और कोयले की मांग तेजी से बढ़ गई है। लोग रसोई के लिए गैस के बजाय अन्य साधनों की व्यवस्था करने में जुट गए हैं। लकड़ी कारोबारी गुरदीप सिंह ने बताया कि पिछले कुछ दिनों में जलावन की मांग अचानक बढ़ गई है। आम दिनों की तुलना में अब प्रतिदिन एक क्विंटल से अधिक लकड़ी की बिक्री हो रही है। 

वहीं प्रगतिशील कोयला व्यापारी कल्याणकारी संस्था के अध्यक्ष धर्मराज यादव ने बताया कि इन दिनों पक्के कोयले की बिक्री में भी भारी बढ़ोतरी हुई है। सामान्य दिनों की तुलना में कोयले की बिक्री 10 से 15 गुना तक बढ़ गई है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

सुनें इनकी

5 of 5
सिलिंडर को घर ले जाता उपभोक्ता। - फोटो : संवाद
  • पहले होम डिलीवरी से काफी राहत रहती थी, लेकिन अब गैस के लिए केंद्र पर लंबी कतार में खड़ा होना पड़ रहा है। - बदल श्रीवास्तव, वार्ड नंबर 6, चकिया
  • एक घंटे से अधिक समय से धूप में लाइन में खड़े हैं। अभी तक सिलिंडर नहीं मिल पाया है। - मोहम्मद सदाब, वार्ड नंबर 12, चकिया
  • केंद्र पर लाइन लगाने से कामकाज भी प्रभावित हो रहा है। कई काम छोड़कर गैस लेने के लिए सुबह से आए हैं। - नूरूल हसन, मगरौर
  • पहले घर पर ही सिलेंडर मिल जाता था, लेकिन अब कई घंटे लाइन में लगने के बाद गैस मिल रही है। - रविंदर, सोनहुल
  • स्वास्थ्य ठीक नहीं होने के बावजूद गैस सिलेंडर की जरूरत के कारण उन्हें वितरण केंद्र तक आना पड़ा। - अंगी देवी, चकिया
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें