फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

'निरहुआ' ने पत्थरबाजों के लिए आजमगढ़ के डीएम से की ये गुजारिश, गठबंधन को बताया पाकिस्तान से प्रेरित

Fri, 12 Apr 2019 08:54 AM IST
Sayali Maurya न्यूज डेस्क,अमर उजाला,आजमगढ़
विज्ञापन
1 of 6
फिल्मों से राजनीति में आए भोजपुरी फिल्म स्टार दिनेश लाल यादव 'निरहुआ' ने वोटरों से मुलाकात का सिलसिला शुरु कर दिया है। 'निरहुआ' आजमगढ़ में गांव-गांव जा कर लोगों से मिल कर अपने लिए जमीन तैयार कर रहे हैं। 8 अप्रैल को 'निरहुआ' के रोड शो में पत्थरबाजी भी हुई थी। जिसमें पुलिस ने तीन नामजद समेत 53 लोगों पर मुकदमा दर्ज कर लिया था। 'निरहुआ' ने पत्थरबाजों के लिए मीडिया के माध्यम से आजमगढ़ के जिलाधिकारी से खास गुजारिश भी की। पढ़ें आगे की स्लाइड्स में...
विज्ञापन

2 of 6
भाजपा प्रत्याशी दिनेश लाल यादव 'निरहुआ' ने बुधवार को शहर के आसपास गांव में लोगों से मुलाकात की। 'निरहुआ' ने मतदाताओं पर अपनी छाप छोड़ने के लिए भोजपुरी बोली में भी जगह-जगह बात की। इसके साथ ही 'निरहुआ' ने खड़ी बोली में भी शहर में संवाद कर अपनी बात रखी। इस दौरान 'निरहुआ' ने पत्रकारों से मुखातिब हो कर विपक्ष पर कटाक्ष किया। 
विज्ञापन

3 of 6
'निरहुआ' ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है कि देश का हर बच्चा अपने पैर पर खड़ा हो, किसी को भीख मांगने की जरूरत न हो। इसलिए कौशल विकास योजना से पीएम मोदी युवाओं को सामर्थ्यवान बना रहे हैं। वहीं, दूसरी तरफ गठबंधन के लोग पाकिस्तान से प्रेरित है और देश के बच्चों को पत्थरबाज बनाना चाहते हैं। इसलिए बच्चों को बहला कर रोड शो पर पत्थरबाजी कराई गई।

4 of 6
'निरहुआ' ने कहा कि रोड शो के दौरान की गई पत्थरबाजी से डर कर मैं भागने वाला नहीं हूं। यहां लोगों की सेवा और विकास करने आया हूं। 'निरहुआ' ने कहा कि मीडिया के माध्यम से मैं आजमगढ़ के जिलाधिकारी से ये गुजारिश करता हूं कि रोड शो के दौरान पत्थर फेंकने में पकड़े गए लोगों को छोड़ दें। वह सब मेरे भाई हैं, मेरे दुश्मन नहीं हैं। उन लोगों को बहकाया गया है। 'निरहुआ' ने कहा कि मुझे विश्वास है कि अगर मैं उनके सामने जाऊं तो पत्थर फेंकने वाले लोग मुझे गले लगा लेंगे।
विज्ञापन

5 of 6
'निरहुआ' ने कहा कि मैं कहीं बाहर से नहीं आया हूं, आप सभी के पड़ोसी जिले गाजीपुर में ही मेरा घर है। आजमगढ़ में मेरी रिश्तेदारी है। ज्यादातर भोजपुरी फिल्मों की शूटिंग मैंने आजमगढ़ में ही की है। मैं यहां पर जनता की सेवा करने के लिए आया हूं। 'निरहुआ' ने कहा कि फैसला जनता को करना होगा कि वो अपने बच्चे को पत्थरबाज बनना है या सामर्थ्यवान। मुलायम सिंह का नाम लिए बिना 'निरहुआ' ने कहा कि ऐसे नेता को आजमगढ़ ने जीताया है जो जीतने के बाद अपना प्रमाण पत्र कर लेने नहीं आए। जनता का विकास क्या करेंगे। जनता उन्हें जवाब देगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
काफिले पर पथराव करते लोग - फोटो : अमर उजाला
बता दें कि 8 अप्रैल को 'निरहुआ' आजमगढ़ में रोड शो कर रहे थें। इस दौरान 'निरहुआ' का काफिला सोमवार शाम 3.45 बजे आजमगढ़ के तरवां बाजार के उमरी पट्टी गांव में पहुंचा तो ग्रामीणों ने काफिले को रोकने की कोशिश की। यह देख कर पुलिस ने ग्रामीणों को खदेड़ना शुरू किया। इसके बाद ग्रामीण 'अखिलेश यादव जिंदाबाद' और 'निरहुआ तुम वापस जाओ' के नारे लगाने लगे। उधर, यह देख कर काफिले में शामिल भाजपा के समर्थकों ने ग्रामीणों को अपशब्द कहे। इसके बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस और 'निरहुआ' के काफिले पर पथराव किया। पुलिस ने काफी मशक्कत के बाद 'निरहुआ' के काफिले को गांव से बाहर निकाल दिया। इसके बाद पुलिस ने थानाध्यक्ष तरवां सैय्यद हुसैन मुंतजर की तहरीर पर तीन नामजद समेत 53 लोगों पर मुकदमा दर्ज कर लिया था। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें