अक्षय तृतीया पर तीन मई को पंचग्रहों के सात महायोग का निर्माण हो रहा है। तिथि व नक्षत्र का संयोग 24 घंटे होने से खरीदारी, निवेश के लिए पूरा दिन शुभ रहेगा। इस बार अक्षय तृतीया पर सूर्य, चंद्र और शुक्र उच्च राशि में गुरु और शनि अपनी ही राशि में रहेंगे। इसके साथ ही केदार, शुभकर्तरी, उभयचरी, विमल, सुमुख, शोभन और मातंग योग का महा संयोग निर्मित हो रहा है।
श्री काशी विद्वत कर्मकांड परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष आचार्य अशोक द्विवेदी ने बताया कि अक्षय तृतीया पर ग्रहों व योगों के महा संयोग से शुभ स्थितियां निर्मित हो रही हैं। मंगलवार को तृतीया तिथि होने से सिद्धि योग का निर्माण हर कार्य में सफलता दिलाएगा। ये तिथि आरोग्य देने वाली होती है। ऐसे में इस दिन को अक्षय तृतीया कहा जाता है व इसी वजह से इस दिन की गई खरीदारी सुख व समृद्धि देने वाली होती है।