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एक्सईएन हत्याकांड: इस बात को लेकर चल रहा था विवाद... सहायक अभियंता को हटाने के लिए 10 दिन पहले ही लिखा था पत्र

Sun, 18 Aug 2024 01:12 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, सुल्तानपुर
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Sultanpur XEN Murder Case - फोटो : अमर उजाला
यूपी के सुल्तानपुर में जल निगम ग्रामीण के अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) की हत्या का मामला सामने आया है। आरोपियों ने क्रूरता की हदें पार कर दीं। एक्सईएन को बांधकर यातनाएं दी गईं। आरोपियों ने एक्सईएन संतोष के मुंह और नाक पर टेप चिपका कर उनकी सांस रोक दी। आरोपियों के फरार होने के बाद एक्सईएन के ड्राइवर ने शोर मचाया, जिसके बाद एक्सईएन संतोष को मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। वहां उन्हें मृत घोषित कर दिया।  

शनिवार सुबह संतोष कुमार की हत्या के बाद भाई की तहरीर पर पुलिस ने जल निगम के ही सहायक अभियंता (एई) अमित कुमार और उसके एक अज्ञात सहयोगी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार जल जीवन मिशन के कामों के भुगतान को लेकर विवाद में हत्या की गई है। पुलिस ने ड्राइवर संदीप को हिरासत में लिया है। देर शाम एक्सईएन का पोस्टमार्टम हुआ। उनके कई अंगों पर चोट के निशान मिले हैं। इसके अलावा दम घुटने से मौत की बात भी सामने आई है। 
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अधिशासी अभियंता संतोष कुमार (फाइल फोटो) जांच करते पुलिसकर्मी। - फोटो : amar ujala
एक्सईएन संतोष कुमार मूल रूप से बलिया के रतसड़ कला गांव के रहने वाले थे। उनका परिवार प्रयागराज के कैंट क्षेत्र स्थित रेलवे कॉलोनी में रहता है। पत्नी ममता पीडब्ल्यूडी के एनएच डिवीजन में अवर अभियंता हैं। संतोष सुल्तानपुर के  विनोबापुरी मोहल्ले में किराए के मकान में अकेले रहते थे। वह फरवरी 2023 से यहां तैनात थे।

 
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अधिशासी अभियंता संतोष कुमार (फाइल फोटो) - फोटो : amar ujala
जल निगम ग्रामीण के एक्सईएन संतोष कुमार अपने अधीनस्थ सहायक अभियंता (एई) अमित कुमार की कार्यशैली से संतुष्ट नहीं थे। कार्य को लेकर दोनों में अक्सर विवाद होता था। इसीलिए उन्होंने एई को हटाने के लिए 10 दिन पहले ही अधिशासी निदेशक को पत्र भेजा था। एक्सईएन ने अमित पर अभद्रता, अनुशासनहीनता और धमकी देने का आरोप भी लगाया था। अधिशासी निदेशक पत्र का संज्ञान लेते, इसके पहले ही संतोष कुमार की हत्या कर दी गई, जिसमें मुख्य आरोपी एई अमित कुमार ही है।

 

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अधिशासी अभियंता संतोष कुमार (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला
राज्य पेयजल एवं संरक्षण मिशन के अधिशासी निदेशक को एक्सईएन ने सात अगस्त को पत्र भेजा था, जिसमें उन्होंने बताया था कि एई अमित कुमार को जल जीवन मिशन कार्यक्रम के तहत पांच ब्लॉकों में पेयजल योजना के निर्माण कार्य और आईजीआरएस पोर्टल में आने वाली शिकायतों के निस्तारण का काम सौंपा गया है। अमित काम में घोर लापरवाही और अनुशासनहीनता बरत रहे हैं। निर्देशों की अवहेलना कर रहे हैं। अमित को काम में सुधार के लिए कई बार चेतावनी भी दी गई, लेकिन सुधार नहीं हुआ। एक्सईएन ने अमित को अविलंब कार्यालय से हटाने और दूसरे सहायक अभियंता की नियुक्ति का आग्रह किया था।
 
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XEN Murder - फोटो : अमर उजाला
सोनभद्र में भी विवादों में रहा अमित
एक्सईएन की हत्या का मुख्य आरोपी अमित कुमार सोनभद्र जनपद में भी विवादों में रहा। 2022 और 2023 में उसके खिलाफ तत्कालीन एक्सईएन सोनभद्र महेंद्र सिंह ने तीन बार पत्राचार किया था। उन्होंने भी अमित पर अभद्रता, अनुशासनहीनता और धमकी देने का आरोप लगाया था। आखिरी बार उन्होंने दो नवंबर 2023 को अधिशासी निदेशक को पत्र भेजा था, जिसके बाद अमित की तैनाती सुल्तानपुर में की गई। विभागीय जानकारी के मुताबिक नवंबर 2023 से अमित यहीं पर तैनात है। शिकायत के बाद भी उसे हटाया नहीं गया।

 
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XEN Murder - फोटो : अमर उजाला
रंगदारी के लिए 23 साल पहले जलनिगम के एक्सईएन की हुई थी हत्या
सुल्तानपुर। एक्सईएन संतोष कुमार हत्याकांड ने जल निगम में 23 साल पहले हुई घटना की याद ताजा कर दी। वर्ष 2001 में तत्कालीन एक्सईएन एलएन सिंह को बदमाशों ने रंगदारी के लिए आवास के पास ही गोली मार दी थी, जिसमें उनकी मौत हो गई थी। संतोष की हत्या की असल वजह अभी सामने आनी बाकी है। घटना को लेकर विभागीय अधिकारी और कर्मचारी सकते में हैं।

 
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XEN Murder - फोटो : अमर उजाला
एलएन सिंह का मामला अभी न्यायालय में विचाराधीन है। इधर, शनिवार को जलनिगम ग्रामीण के एक्सईएन संतोष कुमार की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। सूत्रों के मुताबिक संतोष कुमार पर कुछ लोग गलत भुगतान का दबाव बना रहे थे। इन्कार करने पर हत्या कर दी गई। हालांकि, अफसरों ने संतोष की हत्या की वजह अभी तक सार्वजनिक नहीं की है।

 

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एक्सईएन का ड्राइवर - फोटो : अमर उजाला
मेजरमेंट बुक पास कराने को लेकर चल रहा था विवाद
एक्सईएन की हत्या के बाद से जल जीवन मिशन के काम में भ्रष्टाचार की बात भी सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि ग्रामीण क्षेत्र में चल रहे कार्यों का जिम्मा आरोपी सहायक अभियंता के पास था। कुछ ओवरहेड टैंक व सप्लाई लाइन के कार्यों की एमबी (मेजरमेंट बुक) स्वीकृत कराने को लेकर एक्सईएन से उसका विवाद चल रहा था।

 

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XEN Murder - फोटो : अमर उजाला
विभागीय कर्मियों के मुताबिक एक्सईएन संतोष कुमार की हत्या की अहम वजह एमबी ही बना, जिसे स्वीकृत कराने को लेकर एक्सईएन व सहायक अभियंता अमित कुमार के बीच तनाव बढ़ गया था। जिले में जल जीवन मिशन का कार्य कई एजेंसियों को बांटा गया है। इसके अंतर्गत ओवरहेड टैंक, नलकूप की स्थापना, आपरेटर कक्ष का निर्माण, पानी के कनेक्शन समेत अन्य कार्य भी चल रहे हैं। इनमें से कई कार्य धीमी गति से चल रहे हैं। कुछ कार्यों का एमबी एक्सईएन जल निगम को ही स्वीकृत करना था। इसे लेकर सहायक अभियंता का एक्सईएन से विवाद भी हुआ था। इसकी शिकायत एक्सईएन ने उच्चाधिकारियों से की थी।

 

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XEN Murder - फोटो : अमर उजाला
समीक्षा में सुस्त मिले थे मिशन के कार्य
विधानसभा के सार्वजनिक उपक्रम एवं निगम संयुक्त समिति की पहली समीक्षा बैठक नौ अगस्त को कलेक्ट्रेट में हुई थी। इसमें हर घर जल योजना का कार्य सुस्त मिला था। इसे लेकर एक्सईएन पर गुणवत्तापरक काम पूरा कराने का दबाव भी था।

 
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XEN Murder - फोटो : अमर उजाला
हत्या के साथ धमकी देने व एससी-एसटी की धाराएं
एई और उसके सहयोगी के खिलाफ हत्या के साथ ही धमकी देने और एससी-एसटी की भी धाराएं लगाई गई हैं। कोतवाल अरुण कुमार द्विवेदी ने बताया कि दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
 
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