फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

PHOTOS: चौंकाने वाला है पूर्व बसपा एमएलसी का क्राइम रिकॉर्ड, तीन माह से दे रहा था चकमा, कोठियों पर चलाया था बुलडोजर

Sat, 16 Jul 2022 09:51 PM IST
कपिल kapil अमर उजाला ब्यूरो, सहारनपुर
विज्ञापन
1 of 5
कोठियों पर चला था बुलडोजर। - फोटो : amar ujala
सहारनपुर के खनन माफिया और पूर्व एमएलसी हाजी इकबाल के भाई महमूद अली की गिरफ्तारी के बाद इकबाल की मुश्किल और बढ़ गई है। महमूद अली तीन माह से पुलिस को चकमा दे रहा था। वह पंद्रह दिन पहले भी लखनऊ में पुलिस टीम को चकमा देकर फरार हो गया था। अब नवी मुंबई से सहारनपुर पुलिस ने महमूद अली को पकड़ा है। दो दिन पूर्व ही महमूद अली और खनन माफिया हाजी इकबाल पर 25 हजार का इनाम घोषित किया था। 

पुलिस की रडार पर अब हाजी इकबाल भी आ गया है, जिसकी गिरफ्तारी की अटकलें तेज हो गई हैं। हाजी इकबाल और महमूद अली के कई मामलों की जांच सीबीआई और ईडी कर रही है।
विज्ञापन

2 of 5
buldozer - फोटो : अमर उजाला
मिर्जापुर निवासी पूर्व एमएलसी हाजी मोहम्मद इकबाल व उनके भाई पूर्व एमएलसी एवं बेटों के खिलाफ कई मामले दर्ज है। तीन माह पूर्व मिर्जापुर पुलिस द्वारा इनके आवास पर कई बार दबिश भी दी गई, लेकिन कोई पकड़ा नहीं गया था। महमूद अली की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने हाजी इकबाल की गिरफ्तारी की भी तैयारी कर ली है। 
विज्ञापन

3 of 5
buldozer - फोटो : अमर उजाला
सूत्र बताते हैं कि हाजी इकबाल के दिल्ली, लखनऊ, नोएडा, गाजियाबाद सहित अनेक ठिकानों पर पुलिस ने दबिश दी है। इसके बाद पुलिस ने हाजी इकबाल के पुत्र जावेद, अफजाल और अलीशान को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसके साथ ही डेढ़ माह पूर्व बेहट क्षेत्र में 128 करोड़ की बेनामी संपत्ति भी कुर्क की गई थी। एक सप्ताह पूर्व भगत सिंह कॉलोनी में हाजी इकबाल और उसके परिवार से जुड़े सदस्यों की तीन कोठियों पर भी प्रशासन का बुलडोजर चला था।  

4 of 5
buldozer - फोटो : अमर उजाला
ग्लोकल यूनिवर्सिटी भी कब्जे में ले सकता है प्रशासन 
हाजी इकबाल की ग्लोकल यूनिवर्सिटी को भी प्रशासन कब्जे में ले सकता है। इसको लेकर कागजी कार्रवाई चल रही है। जल्द यूनिवर्सिटी को भी कुर्क किया जा सकता है। आने वाले दिनों में हाजी इकबाल की मुश्किलें और बढ़ने वाली हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
पूर्व बसपा एमएलसी महमूद अली - फोटो : अमर उजाला
यह मामले हैं दर्ज 
-- पांच अप्रैल 2017 में उत्तराखंड के सहसपुर निवासी मोहम्मद राशिद ने जान से मारने की धमकी देने एवं धोखाधड़ी के आरोप में हाजी मोहम्मद इकबाल, उनके भाई महमूद अली और इकबाल के बेटों के खिलाफ एफआईआर कराई थी। 
-- दो नवंबर 2017 में तहसील बेहट के हल्का लेखपाल पंकज द्वारा हाजी मोहम्मद इकबाल, महमूद अली पर सरकारी जमीन कब्जाने के आरोप में मामला दर्ज कराया गया था।  
-- 14 मार्च 2018 में फतेहपुर टांडा निवासी पाल्ला द्वारा उसकी 7.5 बीघा जमीन पर कब्जा करने के आरोप में हाजी मोहम्मद इकबाल व उनके बेटों आलीशान, वाजिद, अफजाल, भाई एमएलसी महमूद अली के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। 
-- पांच अप्रैल 2018 में उत्तराखंड के जनपद हरिद्वार क्षेत्र के रानीपुर निवासी राकेश अरोड़ा की 44 बीघा जमीन कब्जाने के आरोप में हाजी मोहम्मद इकबाल, उनके भाई एमएलसी महमूद अली, बेटे जावेद अली के खिलाफ मामला दर्ज हुआ था। 
-- 23 जुलाई 2018 में जमीन कब्जाने के आरोपों को आधार बनाकर पूर्व एमएलसी हाजी मोहम्मद इकबाल, उनके दो पुत्रों जावेद और आलीशान के अलावा भाई महमूद अली के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई थी, जिसमें जावेद जेल भी जा चुके है। 
-- छह जुलाई 2019 में किरण मनचंदा पत्नी सुनील मनचंदा निवासी गुरुग्राम हरियाणा द्वारा वाहिद, रविंद्र, हाजी मोहम्मद इकबाल और चार अज्ञात के खिलाफ बंधक बनाने, लूट, गाली-गलौज करने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।  
-- सात जुलाई 2019 में ही बेहट तहसील के गांव शफीपुर निवासी सविता पत्नी मेघराज के द्वारा जमीन कब्जाने के आरोप में हाजी मोहम्मद इकबाल, बेटे वाजिद, जावेद, आलीशान के खिलाफ धोखाधड़ी से जमीन का बैनामा कराने और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में मामला दर्ज कराया था।  
-- 20 सितंबर 2019 ग्लोकल मेडिकल कॉलेज के प्रबंधक एवं हाजी मोहम्मद इकबाल के बेटे मोहम्मद वाजिद के खिलाफ एमआईसी के मानकों को पूरा न करने, निर्धारित फीस से अधिक फीस वसूलने और दूसरे वर्ष की परीक्षा में एमबीबीएस छात्रों को वंचित रखने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज की गई थी।  
-- एक माह पूर्व हाजी इकबाल पर एक महिला ने दुष्कर्म का मामला दर्ज कराया था।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें