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Election Photo: तीन तलाक कानून के सवाल का इशारों में दिया जवाब, बेटियां बोलीं- सरकार ने किया अच्छा काम

Fri, 19 Apr 2024 07:50 PM IST
विमल शर्मा अमर उजाला नेटवर्क,नीलम सिंह/ शिवम वर्मा
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मुरादाबाद में वोट देने के बाद मतदाता - फोटो : अमर उजाला
मुरादाबाद शहर में जीआईसी, हैविट मुस्लिम इंटर कॉलेज, मुस्लिम डिग्री कॉलेज, एलीगेंट स्कूल, ऑक्सफोर्ड पब्लिक स्कूल, एमडी इंटर कॉलेज, एमएस कॉलेज, मुरादाबाद पब्लिक स्कूल, वीके पब्लिक स्कूल आदि मुस्लिम बहुल मतदाताओं वाले बूथ रहें। यहां महिला मतदाताओं की भागीदारी भी पुरुषों से कम नहीं रही।
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मुरादाबाद में वोट देने के बाद मतदाता - फोटो : अमर उजाला

मुस्लिम महिलाएं अपने मुद्दों पर खुलकर बोलती नजर आईं। उन्होंने कहा कि हमारा वोट बेटियों की शिक्षा के मुद्दे पर है। जो भी सरकार आए, हमारी उससे यही मांग है कि बेटियों को पढ़ने और आगे बढ़ने के अवसर दिए जाएं, जिससे आने वाली पीढ़ी हमसे ज्यादा काबिल हो सके।

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मुरादाबाद में वोट देने के बाद मतदाता - फोटो : अमर उजाला
पहली बार मतदान करने पहुंची गुलफ्शा ने कहा कि मतदान करके खुशी का अनुभव हुआ। वहीं तीन तलाक पर कानून के सवाल का मुस्लिम महिलाओं ने इशारे में जवाब दिया। कहा कि जो हुआ, वह सही है। इसके बाद बोलीं कि यह पुरानी बातें हैं और हमारे पुरखों की बातें हैं इसलिए इस मुद्दे पर बात नहीं करेंगी। हालांकि महिलाओं ने अच्छी संख्या में बूथों पर पहुंचकर यह स्पष्ट कर दिया कि उनके अपने मुद्दे हैं। जिनके आधार पर वह सरकार का चुनाव कर रही हैं।

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मुरादाबाद में वोट देने के बाद मतदाता - फोटो : अमर उजाला

गांवों की महिलाओं में फ्री राशन का दिखा प्रभाव

पीतलबस्ती के देवापुर कल्याणपुर, मझोला के मनोहरपुर में वोट करने पहुंचीं महिलाओं ने फ्री राशन को बड़ा मुद्दा बताया। देवापुर की पूजा ने कहा कि वोट देने से बड़ा फायदा है। उनकी फैक्टरी में काम धंधा धीमा चल रहा है।

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मुरादाबाद में वोट देने के बाद मतदाता - फोटो : अमर उजाला
बच्चों की पढ़ाई का ही खर्च इतना है कि मुश्किल से घर चल पाता है। ऐसे में सरकारी राशन से कम से कम खाने की चिंता तो नहीं रहती। हमारे घर में छह सदस्य हैं, इसलिए 30 किलो राशन हर माह मिल जाता है। सब्जी गांव में सस्ती मिल जाती है, बाजार से सिर्फ दालें और मसाले लाने पड़ते हैं।
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मुरादाबाद में मतदान - फोटो : अमर उजाला

सुबह छोड़ा सभी काम, किया मतदान

मतदान दिवस पर सभी लोगों में जबरदस्त उत्साह था। सुबह सात बजे जैसे ही मतदान शुरू हुआ। सबसे पहले बुजुर्गों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। उन्होंने कहा कि मतदान करने का अधिकार हमें संविधान ने दिया है। ऐसे में सभी काम छोड़कर पहले मतदान करने का संकल्प लिया था और वह बूथ पर पहला वोट देकर पूरा किया।

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मुरादाबाद में वोट देने के बाद मतदाता - फोटो : अमर उजाला

सबसे पहले मतदान करने की सोचा था

अरविंद शर्मा ने बताया कि मैंने अपने बूथ पर सबसे पहले वोट डाला। मैं संदेश देना चाहता था कि युवा जल्दी से जल्दी अपने घरों से निकलें और वोट करें। मैंने पहले ही सोच रखा था सबसे पहले वोट डालना है। अभी समाज में अमन-चैन है। इसके अलावा मैंने विकास के लिए मतदान किया है।

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मुरादाबाद में मतदान - फोटो : अमर उजाला

भ्रष्टाचार मुक्त शासन के लिए दिया वोट

आशियाना निवासी मदनगोपाल वर्मा ने बताया कि पहला वोट किया था। मैंने राष्ट्र के विकास के लिए, ईमानदारी और भ्रष्टाचार मुक्त शासन के लिए मतदान किया। मैं अपने बेटा गौरव वर्मा के साथ आया हूं। गौरव ने बताया कि मैंने हिंदुत्व के लिए वोट किया है। धर्म का सबसे बड़ा मुद्दा है। जो अपने धर्म का नहीं, वो किसी का नहीं।

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मुरादाबाद में मतदान - फोटो : अमर उजाला

एजेंट की जिम्मेदारी निभाई, सबसे पहले दिया वोट

साकेत कुमार का कहना है कि मैं एजेंट था तो उसकी जिम्मेदारी निभाने के लिए सुबह पांच बजे केंद्र पर पहुंच गया था। इसके बाद जब मतदान का समय हुआ तो बूथ पर सबसे पहला वोट मैंने ही दिया। मेरा मानना है कि यदि हम वोट नहीं डालेंगे तो पारदर्शी सरकार कैसे बनेगी। सबका साथ सबका विकास कैसे होगा। राष्ट्र की पग्रति बाधित होगी। अखंड भारत के विजन को लेकर वोट डालना हमारा दायित्व था।
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मुरादाबाद में वोट देने के बाद मतदाता - फोटो : अमर उजाला

वॉक करने निकली थी, वोट डालकर वापस आई

स्मिता शर्मा ने बताया कि वोट डालने के लिए उत्साह था। सुबह जब मॉर्निंग वॉक करने गई तो वोट डालकर लौटी। भीड़ और गर्मी से बचने के लिए भी पौने सात बजे बूथ पर पहुंच गई थी। मैं चाहती हूं कि बच्चों को सस्ती शिक्षा मिलनी चाहिए। बेरोजगार युवाओं को नौकरी मिलनी चाहिए। इसके साथ ही पुलिस कर्मियों के लिए सरकार को सुविधाएं बढ़ानी चाहिए। उन्हें आराम मिलने की जरूरत को पूरा करे।

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