मेरठ में अपहरण कर युवती की हत्या करने के मामले में छात्रा की हत्या से उबाल है। परिजन आरोपी के घर पर बुलडोजर कार्रवाई के लिए अड़े हैं। पोस्टमार्टम में दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है। आरोपी ने धमकी दी थी। शादी नहीं कराई तो उठा ले जाऊंगा।
विज्ञापन
1 of 9
Student Murder in Meerut
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
मेरठ के टीपीनगर थाना इलाके की रहने वाली बीए की छात्रा की निर्मम हत्या कर शव ईंख के खेत में फेंके जाने से लोगों में गुस्सा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने मुख्य आरोपी अंकुश के खिलाफ हत्या, अपहरण और साक्ष्य छिपाने की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है। इस बीच सोमवार को विभिन्न संगठनों के साथ परिजनों ने डीएम डॉ. वीके सिंह को संबोधित ज्ञापन एसपी देहात व एडीएम को देकर आरोपी के घर पर बुलडोजर चलवाने की गुहार लगाई।
वहीं, पिता ने प्राथमिकी में कहा है कि छात्रा 15 मई को परीक्षा देने कॉलेज नहीं पहुंची। आरोप है कि कल्याणपुर निवासी अंकुश कई बार उन्हें धमका चुका था। वह धमकी देता था कि बेटी की शादी उसके साथ कर दें नहीं तो वह उसे उठाकर ले जाएगा। प्राथमिकी में उन्होंने बेटी की किताबों से मिले 11 मई के नोट की भी बात लिखी है।
विज्ञापन
2 of 9
ईंख के खेत में जांच करती पुलिस
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
इस नोट में छात्रा ने परीक्षा देने जाने के दौरान डर लगने और अनहोनी की आशंका जताई थी। 17 मई (रविवार) दोपहर दो बजे छात्रा का शव उकसिया गांव के ईंख के खेत में मिला था।
विज्ञापन
3 of 9
सीसीटीवी में आरोपी के साथ बाइक पर जाती दिखी छात्रा
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
गांव की सीमा सील, राजनेताओं ओर मीडियाकर्मियों को रोका
अपहरण कर हत्या के बाद छात्रा का शव सोमवार सुबह गांव लाया गया। इस दौरान सीमा सील करते हुए गांव छावनी में तब्दील कर दिया गया। कई थानों की पुलिस-पीएसी तैनात कर दी गई। गांव के हर रास्ते पर निगरानी बढ़ा दी गई। नेताओं, मीडियाकर्मियों को गांव में प्रवेश नहीं करने दिया गया। पीड़ित परिवार के रिश्तेदारों को नहीं जाने दिया गया।
4 of 9
छात्रा की हत्या के बाद गांव की गलियों में पसरा सन्नाटा
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
मैसेज देखकर बौखला गया था अंकुश
एसएसपी के मुताबिक आरोपी अंकुश बाइक पर छात्रा को उकसिया गांव ले गया। यहां छात्रा का मोबाइल चेक किया तो दूसरे लड़के को किया गया मैसेज देखकर वह बौखला गया। उसे दूसरे युवक से छात्रा के संबंध होने का शक हुआ। इसी वजह से उसने 15 मई को ही दुपट्टे से गला दबाकर छात्रा की ईंख के खेत में हत्या कर दी थी। परिजनों का कहना है कि एक आरोपी यह वारदात नहीं कर सकता।
विज्ञापन
5 of 9
गांव के रास्ते पर बैरिकेडिंग
- फोटो : अमर उजाला
पीएसी में तैनात अंकुश के भाई ने ली थी जिम्मेदारी
अंकुश के जिस भाई अंकित पर छात्रा के परिजन आरोप लगा रहे हैं, वह पीएसी मुरादाबाद में तैनात है। 2024 में छात्रा से छेड़छाड़ के बाद अंकित ने ही जिम्मेदारी ली थी कि अब अंकुश आगे ऐसी हरकत नहीं करेगा। छात्रा के पिता ने बताया कि उनकी बेटी से छेड़छाड़ की गई थी। तब आरोपी अंकुश ने साथी निशांत की कार में खींचने की कोशिश की थी। इसकी शिकायत पुलिस चौकी में की गई तो गांव के जिम्मेदार लोगों ने समझौता करा दिया था। आरोपी पक्ष ने माफी मांगी थी।
विज्ञापन
6 of 9
गांव के रास्ते पर बैरिकेडिंग
- फोटो : अमर उजाला
छात्रा के पिता और कार्यकर्ता बोले-सख्त हो कार्रवाई
सोमवार को रोहटा थाने पहुंचे छात्रा के पिता, परिजन, ग्रामीण और सामाजिक व राजनीतिक संगठन के कार्यकर्ताओं ने आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि टीपीनगर पुलिस ने 15 मई की रात अपहरण की रिपोर्ट दर्ज करने की बजाय अगले दिन गुमशुदगी दर्ज की थी। उन्होंने छात्रा और आरोपी को तलाश भी नहीं किया।
विज्ञापन
7 of 9
गांव के रास्ते पर बैरिकेडिंग
- फोटो : अमर उजाला
उन्होंने अंकुश के भाई अंकित, उसके साथी निशांत व तीन अज्ञात लोगों पर अपहरण, सामूहिक दुष्कर्म व हत्या करने का आरोप लगाया। उन्होंने पुलिस अधीक्षक देहात अभिजीत कुमार से मुलाकात की। आश्वासन दिया कि बयान और जांच के आधार पर जो तथ्य व आरोपियों के नाम सामने आएंगे। उन्हें प्राथमिकी में शामिल कर कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर सामाजिक कार्यकर्ता चमन भारती, अशोक टकसालिया, सुनील राणा, मोहित राव गौतम, राहुल कुमार, रवि कुमार आदि मौजूद रहे।
8 of 9
गांव के रास्ते पर बैरिकेडिंग
- फोटो : अमर उजाला
इन धाराओं में दर्ज की प्राथमिकी
एसएसपी अविनाश पांडेय ने बताया कि इस मामले में बीएनएस की धारा 140 (1) हत्या के इरादे से अपहरण, 103 (1) हत्या और 238 साक्ष्य मिटाने की धारा में टीपीनगर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस अधीक्षक देहात का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दुष्कर्म और चेहरा जलाने की पुष्टि नहीं हुई है। दुपट्टे से गला दबाकर हत्या की गई है। एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया कि जिन अन्य आरोपियों पर आरोप लगाए जा रहे हैं। अभी उनके खिलाफ कोई साक्ष्य नहीं मिला है।
ये हैं मांग
अंकुश के अलावा अन्य आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए।
प्राथमिकी में एससी/एसटी एक्ट की धारा बढ़ाई जाए।
परिवार को शासन-प्रशासन स्तर से आर्थिक सहायता दिलाई जाए।
परिवार के एक सदस्य को नौकरी दिलाई जाए।
परिवार की सुरक्षा की उचित व्यवस्था की जाए।
आरोपियों के घर पर बुलडोजर से ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाए।