अमर उजाला में प्रकाशित खबर
जिस अफसाना के घर में धमाके के बाद लगी आग में जिंदा जलने का दावा किया गया था, वो रविवार को जिंदा निकली। साथ ही बड़ा और सनसनीखेज खुलासा यह हुआ है कि जो लाश मकान में मिली थी वह मोहल्ले की ही नजमा की थी, जिसकी अपहरण के बाद हत्या की गई थी। नजमा को मोहरा बनाकर पूरी कहानी रचने वाली अफसाना और उसके दिव्यांग प्रेमी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
लिसाड़ी गेट थानाक्षेत्र के रशीदनगर में दो अप्रैल 2019 को अबरार के मकान में आग लगी थी। जिसमें अबरार की पत्नी अफसाना (28) के जिंदा जलकर मरने का दावा किया गया था। मौके से मिले शव को अफसाना का मानकर सुपुर्द-ए-खाक किया गया था। 24 अप्रैल को चर्चा फैली थी कि अफसाना जिंदा है और वह महिला थाने में देखी गई थी।
अफसाना की मां नसीमा निवासी इस्लामनगर लिसाड़ी गेट भी महिला थाने पहुंची थी। जहां मां-बेटी आपस में गले मिली थीं। एक मां ने एक ही नजर में अपनी बेटी अफसाना को पहचान लिया था। लेकिन अफसाना ने खुद का नाम निशा परवीन बताया है।