गिरफ्तार बदमाशों को लेकर जाती मेरठ पुलिस
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मोनू पुत्र कालीचरन निवासी ग्राम अछरौंडा परतापुर 9 जनवरी, 2015 को सिविल लाइन थाना क्षेत्र से पुलिस को चकमा देकर फरार हुआ था। वह भी 25 हजार का इनामी है। लेकिन पकड़ा नहीं गया। बुलंदशहर के एक बंदी को 26 नवंबर 2015 को कूल्हे के ऑपरेशन के नाम पर मेडिकल अस्पताल में लाया गया था। लेकिन वह दोनों पुलिसकर्मियों को चकमा देकर भाग निकला था।
मेडिकल थाना क्षेत्र से 25 अप्रैल, 2013 को इरफान पुत्र अय्यूब निवासी ग्राम हर्रा सरूरपुर भी फरार हुआ था। वह हत्या के मुकदमे में जेल में बंद था। जिसे इलाज के लिए मेडिकल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इरफान पर 25 हजार रुपये का ईनाम घोषित है।