कृषि कानूनों के विरोध में अपनी फसल जोत रहे किसान
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सहारनपुर के बेहट में गांव ढाबा माजरी के पांच किसानों ने कृषि कानूनों के विरोध में अपनी 21 बीघा भूमि पर खड़ी गेहूं की फसल पर ट्रैक्टर चला दिया। उधर, गागलहेड़ी के नन्हेड़ा गांव में फसल का उचित दाम नहीं मिलने से नाराज किसान ने गोभी की खड़ी फसल जोत दी। साथ ही कर्ज में डूबे किसान ने आत्मदाह की चेतावनी दी है।
तहसील के गांव कुतुबपुर भूकड़ी गांव के किसान राजकुमार ने बकाया गन्ना भुगतान नहीं मिलने और कृषि कानूनों के विरोध में तीन बीघा गेहूं की फसल पर ट्रैक्टर चला दिया था। वहीं, गुरुवार को ढाबा माजरी गांव के किसानों ने भी अपनी 21 बीघा गेहूं की फसल की जुताई कर दी। किसान संजय ने पांच बीघा, अनिल ने सात बीघा व आदित्य, संजय पुत्र दिलेराम ने तीन-तीन बीघा जमीन में खड़ी गेहूं की फसल ट्रैक्टर से नष्ट की है। उनका आरोप है कि सरकार की नीतियों और कृषि कानूनों से किसान बर्बादी के कगार पर है। नलकूपों पर विद्युत मीटर लगा दिए गए, गन्ना मूल्य भुगतान समय से नहीं हुआ, धान की फसल औने पौने दामों में बेचनी पड़ रही है।