मेरठ एसएसपी ने बर्बरता की सारी हदें पार कर दीं। भाकियू नेताओं की बेरहमी से पिटाई के आरोप लगे हैं। आरोप है पिटाई से भाकियू नेताओं के दांत टूट गए। आंखों पर बूट से प्रहार किया गया। आरोप है कि एनकाउंटर की साजिश तक रची गई। शुक्रवार को मेरठ में भाकियू (बीआर आंबेडकर) के अध्यक्ष डॉ. दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव प्रेस कॉन्फ्रेंस में फूट-फूटकर रो पड़े।
मेरठ में भाकियू नेताओं से क्रूरता का मामला सामने आया है। किसान नेताओं ने एसएसपी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोप है कि एसएसपी ने बर्बरता की सारी हदें पार कर बेरहमी से पीटा गया। इसके अलावा थाने के अंदर गानों पर नचवाया गया। सपा विधायक अतुल प्रधान के आवास पर शुक्रवार को पत्रकारों के सामने आंख, हाथों की उंगलियां और पैरों पर चोट के नीले निशान दिखाकर भाकियू (बीआर आंबेडकर) के अध्यक्ष डॉ. दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव फूट-फूटकर रो पड़े।
दोनों किसान नेताओं ने दो दिन पहले एसएसपी कार्यालय में पुलिस की ओर से किए गए अमानवीय बर्ताव की विस्तार से जानकारी दी। बताया कि एसएसपी और इंस्पेक्टर सिविल लाइन अखिलेश गौड़ ने उन्हें बेरहमी से पीटा।
विज्ञापन
2 of 16
किसान नेता दिग्विजय भाटी की पिटाई के बाद पीसी करते सरधना विधायक अतुल प्रधान और पीड़ित दिग्विजय भाटी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
बर्बरता की हद पार करते हुए आंखों पर बूट से प्रहार किया। इससे आंख पर गंभीर चोटें आई और दांत तक टूट गए। दावा किया कि पुलिस उनका एनकाउंटर करना चाह रही थी। शुक्रवार को रो-रोकर दिग्विजय भाटी ने पुलिस की बेरहम पिटाई से अपने शरीर पर हुए घाव दिखाए।
विज्ञापन
3 of 16
सपा नेता दिग्विजय भाटी
- फोटो : अमर उजाला
बताया कि 19 अगस्त को वह अपने जिलाध्यक्ष मोहित जाटव के साथ एसएसपी अविनाश पांडेय से मिलने गए थे। ललिता गौतम हत्याकांड से जुड़े विरोध-प्रदर्शन मामले में पुलिस ने हम 8-10 लोगों को जेल भेज दिया था। जबकि, हमारी कोई गलती नहीं थी। न ही हम प्रदर्शन में शामिल थे। इसलिए हम कप्तान को सच बताने गए थे।
4 of 16
सपा नेता दिग्विजय भाटी
- फोटो : अमर उजाला
दिग्विजय भाटी ने कहा कि पुलिसवालों ने बर्बरता की सभी हदें पार कर दीं। पुलिस वालों ने पहले तो हमें पीट-पीटकर अधमरा किया, इसके बाद मोबाइल पर खलनायक फिल्म का गाना बजाकर हमें बार-बार नचवाते रहे। सरधना के सपा विधायक अतुल प्रधान ने कहा कि जो बर्बरता एसएसपी और सिविल लाइन इंस्पेक्टर ने की वह चिंताजनक है। सरकार को पूरे प्रकरण का संज्ञान लेकर मुकदमा दर्ज करना चाहिए।
विज्ञापन
5 of 16
सपा नेता दिग्विजय भाटी
- फोटो : अमर उजाला
इंस्पेक्टर ने खलनायक फिल्म के गाने पर डांस करवाया, बाद में रची स्कूटी से गिरने की कहानी
सपा विधायक अतुल प्रधान के आवास पर प्रेसवार्ता में दिग्विजय भाटी ने कई सनसनीखेज आरोप लगाए। भाटी ने बताया कि पहले उन्हें और मोहित जाटव को एसएसपी दफ्तर में पीटा गया, उसके बाद सिविल लाइंस थाना प्रभारी अखिलेश गौड़ को बुलाया गया। भाटी ने बताया कि कप्तान के ऑफिस से सिविल लाइन थाना प्रभारी अखिलेश गौड़ उन दोनों को एसओजी दफ्तर ले गए। वहां जाकर दोनों से एक-दूसरे के हाथ-पैर बंधवाए गए।
बुरी तरह पीटने के बाद कहा गया कि अब डांस करना है। फिर इंस्पेक्टर अखिलेश गौड़ ने मोबाइल पर खलनायक फिल्म का गाना- चोली के पीछे क्या है बजाया और पहले भाटी को नचवाया। इसके बाद मोहित जाटव से कहा कि दोनों गाना गाओ और नाचो।
विज्ञापन
7 of 16
दिग्विजय भाटी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
मोहित ने बताया कि बुरी तरह पीटे जाने के बाद वह दोनों सिर्फ हाथ भर हिला पा रहे थे। कुछ देर बाद वह बोले कि उन्हें नींद की झपकी लग गई थी। अब दोबारा नाचो। वह उन पर सिर पर कपड़ा डालकर नाचने का भी दबाव बना रहे थे। इस बार छत पर सोया था बहनोई... फिल्मी गीत चलवाया और नाचने के लिए कहा।
8 of 16
किसान नेता दिग्विजय भाटी की पिटाई के बाद पीसी करते सरधना विधायक अतुल प्रधान और पीड़ित दिग्विजय भाटी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
दिग्विजय का दावा है कि एसएसपी उनके एनकाउंटर की योजना बना चुके थे। एसएसपी ने पुलिसवालों से कहा था कि एक गोली मुझे मारो और फिर इनका एनकाउंटर कर दो। मैं सब देख लूंगा। हाथों की उंगलियों पर लाठी मारते रहे। कहते रहे कि इन हाथों से चार दिन भी रोटी नहीं खा पाओगे। जैसे तैसे सरधना विधायक अतुल प्रधान छुड़ाकर लाए।
9 of 16
किसान नेता दिग्विजय भाटी की पिटाई के बाद पीसी करते सरधना विधायक अतुल प्रधान और पीड़ित दिग्विजय भाटी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
दिग्विजय भाटी ने रोते हुए बताया कि आठ जुलाई के प्रदर्शन में हम लोग शामिल नहीं थे, फिर भी हमें टारगेट किया गया। एक गरीब परिवार को न्याय दिलाने के लिए आगे आए थे। ऐसा ही अगर होता रहा तो कोई भी किसी भी जरूरतमंद की मदद के लिए आगे नहीं आएगा। मोहित जाटव का कहना था कि वह अपने समाज के नेता हैं। ऑफिस जाने से पहले उनकी पुलिस अफसर से फोन पर बात हुई थी। जिस तरह का व्यवहार फोन पर था, उस तरह का व्यवहार सामने बिल्कुल नहीं था।
10 of 16
एसएसपी अविनाश पांडेय
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पिटाई प्रकरण में फंसता देख पुलिस ने चला दांव
दरअसल इस मामले में पुलिस के आला अधिकारियों ने बचने का रास्ता खोजने के लिए पहले ही नई कहानी रच ली थी। पिटाई का मामला तूल पकड़ने पर मेरठ पुलिस ने एक्स पर दिग्विजय भाटी और मोहित का आपराधिक इतिहास शेयर कर दिया। दोनों के वायरल वीडियो का जवाब देते हुए मेरठ पुलिस के एक्स हैंडल पर लिखा कि दिग्विजय भाटी और मोहित अपने-अपने थानों के हिस्ट्रीशीटर हैं। दिग्विजय भाटी पर 10 और मोहित पर सात मामले दर्ज हैं। उनकी ओर से पुलिस पर लगाए गए आरोप असत्य और निराधार हैं। दोनों लोगों को स्कूटी से फिसल कर चोटिल होना बता दिया गया।
11 of 16
किसान नेताओं पर कथित जानलेवा हमले की जानकारी लेने पहुंचे समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ पुलिस ने एक्स हैंडल पर लिखा कि संभल के चमरौआ गांव निवासी दिग्विजय सिंह भाटी और भावनपुर थाना क्षेत्र के किनानगर गांव निवासी मोहित के खिलाफ कई प्राथमिकी दर्ज हैं। बुधवार को दोनों सिविल लाइन थाने पर दर्ज की गई प्राथमिकी के संबंध में वार्ता करने आए थे। यहां से वापस घर जाते समय स्कूटी फिसलने से दोनों गिरकर चोटिल हो गए थे। इस संबंध में दिग्विजय सिंह एवं मोहित ने स्वयं थाना सिविल लाइन पर लिखित प्रार्थना पत्र दिया था। इसका जीडी संख्या-53, समय 17:31 बजे पर अंकित किया गया है। हालांकि शुक्रवार को दिग्विजय भाटी और मोहित जाटव ने साफ कर दिया कि उनसे जबरिया कागज पर हस्ताक्षर करा लिए गए थे।
12 of 16
किसान नेताओं पर कथित जानलेवा हमले की जानकारी लेने पहुंचे समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
अविनाश पांडेय के स्थानांतरण के बाद वायरल हुआ मामला
दिग्विजय भाटी और मोहित कुमार बुधवार को एसएसपी कार्यालय पहुंचे थे। घटना भी उसी दिन की है। बृहस्पतिवार देर शाम अन्य आईपीएस अधिकारियों के साथ एसएसपी अविनाश पांडेय का स्थानांतरण कर दिया गया। इसके बाद पिटाई व यातना देने के आरोप का मामला सामने आया। यह मामला सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
13 of 16
meerut ssp
- फोटो : अमर उजाला
अतुल प्रधान बोले, आईपीएस पांडेय मानसिक रूप से बीमार
सरधना के सपा विधायक अतुल प्रधान ने कहा कि जो बर्बरता एसएसपी और सिविल लाइन इंस्पेक्टर ने की वह चिंताजनक है। सरकार को पूरे प्रकरण का संज्ञान लेकर मुकदमा दर्ज करना चाहिए। जिस तरह का कृत्य एक जिम्मेदार पद पर बैठने के बाद एसएसपी ने किया, उससे साफ पता चलता है कि वह मानसिक रूप से बीमार हैं। सरकार को अविनाश पांडेय का स्वास्थ्य परीक्षण कराना चाहिए। ताकि भविष्य में वह स्वयं को भी गोली मारकर विभाग की छवि खराब न कर दे।
14 of 16
किसान नेता दिग्विजय भाटी की पिटाई के बाद पीसी करते सरधना विधायक अतुल प्रधान और पीड़ित दिग्विजय भाटी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
अतुल प्रधान ने कहा कि इस पूरे कृत्य को अंजाम देने के बाद दिग्विजय और मोहित से जबरन लेटर लिखवाया गया। उसमें लिखा था कि उनका स्कूटी से एक्सीडेंट हुआ है। जबकि ऐसा बिल्कुल नहीं हुआ। एसएसपी के पास अगर इसका कोई साक्ष्य है, तो पेश करें। उनकी बर्बरता का सबूत उनके दफ्तर में लगे सीसीटीवी कैमरों में मौजूद है। सरकार को दोनों घटना स्थलों के वीडियो कैमरों की फुटेज निकलवानी चाहिए। ताकि पुलिस की कार्य प्रणाली की पोल खुल सके।
15 of 16
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव।
- फोटो : अमर उजाला
किसान नेताओं के साथ मारपीट निंदनीय
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि यह किसान का अपमान, देश का अपमान है। भाजपा ने किसान के मुंह पर लात मरवाकर पूरे देश के किसानों को धमकाने का जो कुकृत्य किया है, वो अक्षम्य और निंदनीय है।
एडीजी बोले- एसएसपी दफ्तर में हुआ था विवाद
एडीजी भानु भास्कर ने शुक्रवार को माना कि यह मामला एसएसपी दफ्तर में विवाद का है। किसान नेता एसएसपी से किसी मुद्दे पर वार्ता करने गए उनके कार्यालय गए थे। तब किसी मसले पर बात बिगड़ गई। सहारनपुर के डीआईजी अभिषेक सिंह ने मेरठ पहुंच कर इस मामले की जांच शुरू कर दी है। वह इस घटनाक्रम से जुड़े सभी पहलुओं की विस्तृत जांच कर रहे हैं।