बिजनौर के मंडवार थाने में शनिवार को थाना दिवस के दौरान एक फरियादी ने खुद को आग लगा ली। बता दें कि गांव राजारामपुर खादर निवासी धर्मवीर अपनी 15 बीघा जमीन के पट्टे को कब्जामुक्त कराने की मांग कर रहा था, लेकिन किसी अधिकारी ने उसकी एक न सुनी। पुलिस के ऐसे व्यवहार से वह गुस्सा गया और उसने थाने में ही खुद को आग लगा ली।
जांच में सामने आया कि वह कई दिनों से पुलिस स्टेशन के चक्कर काट रहा था। लेकिन वहां उसकी सुनने वाला कोई नहीं था। जिससे तंग आकर उसने खुद को आग लगा ली। करीब 20 साल से उदय चौहान के नाम का एक व्यक्ति जबरन उसकी जमीन को बो रहा था, जिससे वह तंग आ चुका था और लंबे समय से इंसाफ की गुहार लगा रहा था।
वहीं पिछले महीने थाना दिवस पर जब वह थाने में आया था तो पुलिस ने जमीन को कब्जामुक्त कराने की बजाय दोनों पक्षों को बुलाकर फैसला करा दिया था। इस जमीन के पट्टे में गन्ने की फसल बो रखी है। जिसमें से आधी फसल काटी जा चुकी है और बची आठ बीघा में पुलिस ने दोनों को आधी-आधी काटने के आदेश दिये थे। लेकिन उदय चौहान ने चार की बजाय पांच बीघा फसल काट ली। इसके बाद शनिवार यानी आज फिर से पीड़ित थाने में इंसाफ की गुहार लगाने गया, जहां पुलिस वालों ने उसकी एक न सुनी। इससे वह गुस्सा गया और उसने पुलिस के सामने ही खुद को आग लगा ली।
पुलिस ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। बताया जा रहा है कि वह 60 प्रतिशत जल चुका हैं और उसकी हालात गंभीर बताई जा रही हैं।