बसपा नेता एवं प्रॉपर्टी डीलर हाजी मोहम्मद अहसान और उनके भांजे मोहम्मद शादाब की हत्या के मामले में आईजी रमित शर्मा ने नजीबाबाद में कैंप कर खुलासे के लिए छह टीमें गठित कराई हैं। बताया गया कि हाजी अहसान व उनके भांजी की हत्या कराने में हाजी अहसान के नजदीकी प्रॉपर्टी डीलर का हाथ रहा है। क्योंकि उनके एक कर्मचारी ने कार्यालय का सीसीटीवी कैमरा बंद किया था। यही नहीं बल्कि शूटरों को सूचना दी थी कि हाजी अहसान नमाज पढ़ने के बाद अपने कार्यालय में आकर बैठ गए हैं। अगली स्लाइडों में जानिए पूरा अपडेट:-
विज्ञापन
2 of 15
मौके पर जांच करते पुलिस अधिकारी
- फोटो : अमर उजाला
वहीं, बसपा नेता के साले किरतपुर चेयरमैन अब्दुल मन्नान की ओर से पुलिस को तहरीर सौंपी गई है। जिसमें मृतक अहसान के पार्टनर, कर्मचारियों और कुछ अन्य लोगों पर हत्या का संदेह व्यक्त किया गया है।
विज्ञापन
3 of 15
मौके पर जांच करने पहुंचे अधिकारी
- फोटो : अमर उजाला
बसपा नेता हाजी मोहम्मद अहसान और उनके भांजे की हत्या के खुलासे के लिए आईजी रमित शर्मा ने प्रॉपर्टी विवाद सहित बसपा नेता से जुड़े अन्य मामलों का अध्ययन कर तत्काल दोहरे हत्याकांड के खुलासे के निर्देश दिए हैं। मामले के जल्द खुलासे के लिए आईजी ने बुधवार को भी नजीबाबाद में कैंप किए।
4 of 15
मौके पर जांच करने पहुंचे अधिकारी
- फोटो : अमर उजाला
सीओ महेश कुमार के निर्देशन में हाईप्रोफाइल डबल मर्डर के खुलासे के लिए एसओजी बिजनौर सहित छह टीमों का गठन किया गया है। पुलिस ने बसपा नेता के ड्राइवर राजा, घटना के समय उपस्थित तनवीर अहमद उर्फ डॉ. मनडोला, मुख्तार और हाजी मोहम्मद अहसान के पार्टनर हाजी मोहम्मद फैसल से भी पूछताछ की।
विज्ञापन
5 of 15
मौके पर जांच करने पहुंचे अधिकारी
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने घटनास्थल के निकट एक सीसीटीवी कैमरे की फुटेज से दोनों शूटरों की पहचान के लिए आसपास के जनपदों से संपर्क साधना शुरू कर दिया है। प्रथम दृष्टया पुलिस हाजी मोहम्मद अहसान के प्रॉपर्टी से जुड़े उन सभी बड़े विवादों की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। जिसके चलते शार्प शूटरों से उनके और उनके भांजे की हत्या कराई गई।
विज्ञापन
6 of 15
हाजी अहसान का फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
बता दें कि अहसान का दिल्ली में भी प्रॉपर्टी का बड़ा कारोबार रहा है। हाल ही के वर्षों में वह नजीबाबाद आकर प्रॉपर्टी के बड़े कारोबार से जुड़ गए थे। पुलिस हाजी अहसान से जुडे़ आपराधिक मामलों को भी खंगालने में जुटी है।
विज्ञापन
7 of 15
मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारी और नीचे हाजी अहसान व भांजे का फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए शूटर
डबल मर्डर केस में शूटरों की अनुमानित उम्र 20-22 के आसपास होने का अनुमान है। काली कैप में मिठाई के डिब्बे के साथ दोनों शूटरों ने गुरुनानक कांप्लेक्स के बाहर डॉ. लाल पैथोलॉजी लैब में पहुंचकर लैब स्वामी अनुज शर्मा से बसपा नेता हाजी मोहम्मद अहसान के प्रतिष्ठान की जानकारी ली। पुलिस को पैथोलॉजी लैब में प्रवेश करते और चंद सेकेंड बाद वहां से बाहर निकलते दोनों शूटरों की सीसीटीवी फुटेज मिल गई है। पैथोलॉजी लैब से करीब 30-35 कदम आगे जाकर बसपा नेता एवं उनके भांजे पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाकर दोनों शूटर भागते दिखाई दे रहे हैं।
8 of 15
बसपा नेता हाजी अहसान और उनके भांजे का फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
शूटरों के स्कैच तैयार करा रही पुलिस
पुलिस डबल मर्डर से जुड़े दोनों शार्प शूटरों की पहचान के लिए उनके स्कैच तैयार करा रही है। आसपास के जिलों में शूटरों के हुलिया से मिलते हुए अपराधियों को भी चिह्नित किया जा रहा है। ताकि जल्द से जल्द डबल मर्डर को अंजाम देने वाले शार्प शूटरों तक पहुंचा जा सके। स्कैच को आसपास के जिलों में भेजा ही जाएगा, साथ ही शूटरों तक पहुंचने के लिए सोशल मीडिया का भी सहारा लिया जाएगा।
9 of 15
यूपी पुलिस
कत्ल से पहले बंद कर दिए गए थे हाजी अहसान के कार्यालय के सीसीटीवी
नजीबाबाद में बसपा नेता प्रॉपर्टी डीलर हाजी अहसान व उनके भांजी की हत्या कराने में हाजी अहसान के नजदीकी प्रॉपर्टी डीलर का हाथ रहा है। किसी प्रॉपर्टी को लेकर यह हत्या कराई गई है। हाजी अहसान के एक कर्मचारी ने उनके कार्यालय के सीसीटीवी कैमरा बंद किया था। शूटरों को सूचना दी थी कि हाजी अहसान नमाज पढ़ने के बाद अपने कार्यालय में आकर बैठ गए हैं। तब जाकर शूटरों ने पिस्टल से उन पर गोलियां दागीं। पुलिस की जांच पड़ताल में यह बात निकलकर सामने आई है।
10 of 15
विलाप करते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
मंगलवार को नजीबाबाद में बसपा नेता हाजी अहसान व उनके भांजे शादाब की नाइन एमएम के पिस्टल से गोलियां बरसाकर हत्या कर दी गई थीं। हाजी अहसान विवादित प्रॉपर्टी पर कब्जा लेने में माहिर थे। दिल्ली से लेकर बिजनौर व नजीबाबाद तक तमाम प्रॉपर्टी को लेकर वे विवादित रहे। कई हत्याओं में भी उनका हाथ होना किसी से छिपा नहीं है। हाजी अहसान को हत्या व अन्य अपराधों में सात मुकदमे दर्ज हैं। उन पर गैंगस्टर भी लगा था। पुलिस इस दोहरे हत्याकांड की गहराई से जांच पड़ताल में जुटी है।
11 of 15
हाजी अहसान का फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस सूत्रों के मुताबिक हाजी अहसान के शूटरों से उनका एक कर्मचारी मिला हुआ था। कर्मचारी ने ही हाजी अहसान के कार्यालय में लगे सीसीटीवी कैमरे को हत्या से पहले बंद कर दिया था। शूटरों को यह कर्मचारी ने हाजी अहसान की लोकेशन दे रहा था। मंगलवार को हाजी अहसान नमाज पढ़ने के बाद अपने कार्यालय में भांजे के साथ आ गए हैं यह बात भी कर्मचारी ने ही उनके दुश्मनों को बताई थी। तब जाकर शूटरों ने उन पर गोलियां बरसाईं।
12 of 15
शादाब का फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
वहीं पुलिस सूत्रों की मानें तो हाजी अहसान की हत्या कराने में उनके साथ काम करने वाले नजदीकी प्रॉपर्टी डीलर का हाथ रहा है। करोड़ों की किसी बड़ी प्रॉपर्टी को लेकर यह हत्या कराई गई है। हत्या भाड़े के शूटरों से कराई है। पुलिस यह खंगालने में जुटी है कि शूटर कहां के हैं। अब तक पुलिस की जांच में शूटर बाहर के निकलकर सामने आ रहे हैं। किस प्रॉपर्टी डीलर ने हत्या कराई पुलिस उस तक पहुंचने में लगी है।
13 of 15
आरोपी सीसीटीवी कैमरे में कैद
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस के मुताबिक हाजी अहसान का विवादित प्रॉपर्टी को लेकर विवाद चल रहा था। ऐसी किसी प्रॉपर्टी को लेकर ही उनकी हत्या हुई है। शादाब को शूटरों ने इसलिए मौत के घाट उतारा कि वह हत्या का विरोध कर रहा था। एसपी सिटी लक्ष्मी निवास मिश्र के मुताबिक पुलिस इस दोहरे हत्याकांड की तह तक पहुंचने की जांच पड़ताल में जुटी है।
14 of 15
भागते शूटर सीसीटीवी में कैद
- फोटो : अमर उजाला
हाजी अहसान की शनाख्त कर बरसाई गोलियां
नजीबाबाद में बसपा नेता हाजी अहसान व उनके भांजे की हत्या करने वाले शूटर हाजी अहसान को पहचानते नहीं थे। हाजी अहसान की हत्या करने से पहले दोनों शूटरों ने हाजी अहसान के बारे में जानकारी ली। तब जाकर उन्होंने घटना को अंजाम दिया। दोनों शूटरों ने काली कैप इसलिए पहन रखी थी ताकि उनके चेहरे सीसीटीवी कैमरे में कैद न हों।
दोनों शूटर काली कैप पहनकर जब हाजी अहसान के कॉम्प्लैक्स में घुसे तब उन्हें नहीं मालूम था कि हाजी अहसान कौन है और कहां मौजूद है। वह सीधे हाजी अहसान के कार्यालय से पहले एक पैथोलॉजी लैब में मिठाई का डिब्बा हाथ में लेकर जा घुसे। वहां मौजूद अंकित शर्मा से हाजी अहसान के बारे में मालूम किया। शूटरों को बताया गया कि हाजी अहसान अपने कार्यालय में आगे बैठे हैं। तब शूटर आगे गए और सोफे पर बैठे हाजी अहसान व उनके भांजे शादाब पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। घटना की सीसीटीवी फुटेज देखने से साफ लग रहा है कि शूटर हाजी अहसान को जानते नहीं थे। इसलिए वे जानकारी करने के बाद उनके कार्यालय में घुसे। घटना को अंजाम देने के बाद वहां से आराम से भागकर निकल गए।
नोट- इन खबरों के बारे आपकी क्या राय हैं। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें