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पत्नी पर था शक, दोस्त के साथ मिलकर रची खतरनाक साजिश, फिर दो भाइयों को मार डाला

Wed, 15 Jan 2020 09:21 PM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिजनौर
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डबल मर्डर (लाल घेरे में मृतक दोनों भाइयों के फाइल फोटो और साइड में आरोपी सलमान का फोटो) - फोटो : अमर उजाला
बिजनौर जिले के गांव बांकपुर में शुभम और आशीष की हत्या गांव के ही अंकित और उसके साथी सलमान ने की। अंकित को शक था कि उसकी पत्नी से आशीष के अनैतिक संबंध हैं। साजिश के तहत दावत के बहाने आरोपियों ने पहले तो शुभम को बुलाया, फिर उसके भाई आशीष को। दोनों भाइयों को शराब पिलाई और फिर धारदार हथियार से प्रहार करके हत्या कर दी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। पूछताछ में कई बातें आरोपियों ने पुलिस को बताई हैं। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने अंकित के खून में सने कपड़े, हत्या में प्रयुक्त फावड़ा बरामद कर लिया है।
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खेत में पड़े मिले दोनों भाइयों के शव - फोटो : अमर उजाला
कोतवाली देहात थाने के गांव बांकपुर निवासी देवेंद्र का बड़ा पुत्र शुभम और छोटा पुत्र आशीष रविवार की शाम लापता हो गए थे। मंगलवार को दोनों के शव गांव गंगावाला में गन्ने के खेत से मिले थे। वारदात का पता चलने के बाद गांव का अंकित पुत्र सुभाष व सलमान लापता थे। पुलिस ने रात में ही सलमान को मंडावली से दबोचा और आरोपी अंकित को मेरठ की सदर बाजार पुलिस ने पकड़ लिया। अंकित को कोतवाली देहात पुलिस के हवाले कर दिया। अंकित दिल्ली भागने की फिराक में था। पुलिस ने दोनों से कड़ाई से पूछताछ की तो दोहरे हत्याकांड का पूरा राज उगल दिया।
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बिजनौर पुलिस - फोटो : अमर उजाला
पुलिस के मुताबिक रविवार की शाम सात बजे अंकित ने पहले से शराब और चिकन का जंगल में अपने नलकूप पर इंतजाम कर रखा था। पार्टी देने के बहाने घर से शुभम को अंकित अपनी बाइक पर बैठाकर जंगल ले गया। वहां सलमान पहले से मौजूद था। अंकित ने शुभम से आशीष को भी दावत में शामिल होने के लिए बुला लिया। दोनों भाइयों को शराब पिलाई। नशे में होने पर दोनों भाइयों के सिर पर अंकित ने फावड़े से प्रहार किए, जिससे दोनों की मौत हो गई। इसके बाद अंकित दोनों शवों को नलकूप पर छोड़कर घर आ गया। सलमान अपने घर चला गया। इसके बाद आरोपी अंकित रात में करीब 11 बजे दवाई लेने के बहाने अपने घर से कार लेकर निकला। दोनों शवों को कार में डालकर गंगावाला के जंगल में फेंका और आराम से घर आकर सो गया।

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जांच करते पुलिस अधिकारी - फोटो : अमर उजाला
बीमार बताया आरोपी अंकित
पुलिस के मुताबिक पिछले दस सालों से अंकित को मधुमेह की बीमारी है। साथ ही वह मानसिक रोगी भी है। आशीष अंकित की पत्नी के पास उठता बैठता था। अंकित को शक था कि उसकी पत्नी से आशीष के अनैतिक संबंध है। इसी कारण पत्नी अंकित को तवज्जो नहीं देती। उसने दोनों भाइयों को ठिकाने लगाने का प्लान बनाया। दोनों भाइयों को पार्टी के बहाने बुलाकर मार डाला। हालांकि अंकित दोहरे हत्याकांड को अकेला अंजाम देने की बात कर रहा है पर पुलिस मान रही है कि सलमान भी उसके साथ हत्या में शामिल था।
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पुलिस ने शवों को कब्जे में लिया था - फोटो : अमर उजाला
गुमराह करने को दूसरे अंकित के खेत में डाले थे दोनों शव
हत्यारोपी अंकित ने दोनों शव गांव गंगावाला से भगैन जाने वाले मार्ग पर अंकित पुत्र घसीटा के खेत में इसलिए डाले, ताकि उस पर हत्या का शक न हो। अंकित पुत्र घसीटा ने पूर्व में शुभम के खिलाफ छेड़खानी का मुकदमा दर्ज कराया था। दोनों में दुश्मनी चल रही थी। हत्यारोपी अंकित ने सोचा कि अंकित पुत्र घसीटा की दुश्मनी का फायदा उठाकर उसके खेत में शव डालने से पुलिस को सच्चाई का पता नहीं चलेगा। हालांकि जिस खेत में शव डाले गए, उसे अंकित पुत्र घसीटा बेच चुका है।
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दोनों सगे भाइयों के फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
सुल्तान व गुज्जर नाम से जाना जाता था शुभम
पुलिस के मुताबिक मृतक शुभम दबंग था। गांव में उसे गुज्जर व सुल्तान नाम से पुकारा जाता था। शुभम के आगे किसी की बोलने की हिम्मत नहीं थी। नशाखोरी करने के साथ नशे का सामान बेचने व बिकवाने में भी उसकी संलिप्तता पुलिस बता रही है। हत्यारोपी अंकित को मालूम था कि अगर उसने अकेले आशीष को ठिकाने लगाया तो  शुभम उसे नहीं छोड़ेगा। शुभम के बहाने ही आशीष को बुलाया जा सकता है। शुभम की कमजोरी आरोपी को मालूम थी। इसलिए उसने पार्टी देने के बहाने पहले शुभम को बुलाया। उसके बाद आशीष को।
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घटनास्थल पर जमा हुई भीड़ - फोटो : अमर उजाला
बैराज पर हुआ अंतिम संस्कार
पोस्टमार्टम के बाद शुभम व आशीष के शव बुधवार को गंगा बैराज पर ले जाए गए, जहां उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। दोनो भाइयों की चिता एक साथ जली। शुभम की चिता को उसके चचेरे भाई लवी और आशीष के शव को परिवार के चचेरे भाई जोंटी ने मुखाग्नि दी।

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