अमित कश्यप हत्याकांड में दोनों दोषियों रविता और अमरदीप को दोषी करार दिए जाने के बाद अब सजा पर सुनवाई की तैयारी है। सुनवाई के दौरान एडीजीसी फरजाना मकसूद ने दोनों दोषियों को फांसी की सजा देने की अपील की। इस पर एडीजे ने दोषियों के आचरण, आर्थिक-सामाजिक स्थिति और मानसिक स्थिति का आकलन कराने के आदेश दिए हैं। अभियोजन के अनुसार, मामले में सीडीआर, मोबाइल लोकेशन, डिजिटल साक्ष्य और गवाहों के बयान अहम साबित हुए।
1:50 बजे अमरदीप की लोकेशन अमित के घर पर मिली
जज ने फैसले में लिखा कि गवाह मुनेश के बयान से यह साबित हुआ कि अमरदीप को वारदात की रात अपने घर पर देखा गया था। मोबाइल फोन की सीडीआर और कॉल लोकेशन के अनुसार, रात करीब 1:50 बजे अमरदीप अमित और रविता के घर पर मौजूद था। इसके तुरंत बाद अमित की हत्या कर दी गई।
फैसले में अमरदीप द्वारा सपेरे से सांप खरीदने की बात का भी उल्लेख किया गया है। गवाह कृष्ण के बयान को अदालत ने इस तथ्य के समर्थन में महत्वपूर्ण माना। अभियोजन के अनुसार, हत्या के बाद मौत को सर्पदंश का रूप देने के लिए सांप को चारपाई पर छोड़ा गया था।