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‘न कुएं, न तालाब में’ विकास के राजदारो में छिपा है गायब हथियारों का राज! पुलिस के लिए सबसे बड़ा सवाल

Fri, 24 Jul 2020 07:51 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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vikas dubey news - फोटो : amar ujala

विकास दुबे के सबसे बड़े राजदार गुड्डन त्रिवेदी ने पुलिस की पूछताछ में बहुत से राज अभी नहीं उगले हैं। बिकरू हत्याकांड में बदमाशों ने जो असलहे इस्तेमाल किए, कहां गए, यह पुलिस के लिए सबसे बड़ा सिरदर्द बना हुआ है। असलहे न तो विकास दुबे के घर के सामने कुएं में मिले और न ही गांव के तालाब में। न ही उस पुल के नीचे जहां ग्रामीणों ने बताया था। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल है कि असलहे गए कहां। बीते गुरुवार को क्राइम ब्रांच ने बिकरू गांव पहुंचकर तालाब में असलहों की तलाश में सर्च ऑपरेशन चलाया था, लेकिन उसे सफलता नहीं मिली है।

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kanpur encounter - फोटो : amar ujala

कानपुर देहात से जिला पंचायत सदस्य गुड्ड्न त्रिवेदी उर्फ अरविंद को पर्दे के पीछे से वारदातों को अंजाम देने में महारत हासिल है। इसी वजह से वो कभी पुलिस के रडार में नहीं आया। बिकरू हत्याकांड में भी उसने पर्दे के पीछे से पूरी साजिश को अंजाम दिया। गुड्डन त्रिवेदी ने विकास के कहने पर बदमाशों को असलहों के साथ बिकरू गांव भेजा था। सूत्रों की मानें तो गुड्डन त्रिवेदी को इस बात का पता है कि वारदात को अंजाम देने के बाद बदमाशों ने असलहे कहां छिपाए हैं।

 

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kanpur encounter - फोटो : amar ujala
जिला पंचायत सदस्य गुड्डन त्रिवेदी उर्फ अरविंद को बिकरू गांव हत्याकांड के बाद महाराष्ट्र एटीएस ने उसके ड्राइवर सोनू के साथ गिरफ्तार किया था। कानपुर पुलिस ने पहले तो गुड्डन त्रिवेदी को इस हत्याकांड में शामिल होने से इनकार किया था। इसके बाद गुड्डन त्रिवेदी से पूछताछ के लिए ट्रांजिट रिमांड पर लाने का फैसला किया था। गुड्डन ने बिकरू हत्याकांड के लिए विकास को असलहे और कारतूस मुहैया कराए थे। ट्रांजिट रिमांड में जब पुलिस गुड्डन को कानपुर लाई तो सिर्फ रात में ही पूछताछ करने के बाद अगले दिन सुबह ही उसे जेल भेज दिया।



 

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Kanpur encounter - फोटो : अमर उजाला
बीते 2 जुलाई की रात हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे के कहने पर गुड्डन त्रिवेदी ने असलहों के साथ मोटर साइकल से बदमाशों को भेजा था। यह सभी बदमाश असलहे चलाने में माहिर थे। आठ पुलिस कर्मियों की हत्या के बाद सभी बदमाश असलहों के साथ फरार हो गए थे। सूत्रों के हवाले से खबर है कि सभी बदमाशों ने गुड्डन की बताई हुई जगहों पर असलहों को ठिकाने लगाया था। लेकिन पुलिस उससे यह राज नहीं उगलवा सकी।

 
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kanpur encounter - फोटो : amar ujala
बिकरू गांव हत्याकांड में पुलिस की जांच तीन परिवारों के बीच ही उलझकर रह गई है। शशिकांत को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। शशिकांत की निशानदेही पर पुलिस से लूटी गई एके-47 और इंसास रायफल बरामद कर ली गई है। वहीं शशिकांत की पत्नी मनु के वायरल ऑडियो से इस हत्याकांड के कुछ सुराग पुलिस के हाथ लगे हैं।

 
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kanpur encounter - फोटो : amar ujala
वहीं पुलिस ने मुठभेड़ में हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे, अतुल, प्रभात मिश्रा, बउआ, अमर दुबे और शशिकांत के पिता प्रेम प्रकाश को मार गिराया है। यदि इस हत्याकांड में विकास दुबे, अमर दुबे और अतुल दुबे को छोड़ दिया तो शशिकांत, प्रभात मिश्रा और बउआ को असलहे चलाने में महारत हासिल नहीं थी, ये तीनों पेशेवर बदमाश नहीं थे। पेशेवर बदमाश गुड्डन त्रिवेदी ने भेजे थे, जिनके पास पुलिस अभी तक पहुंच नहीं पाई है।
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