फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रिश्तों से रिसते अपराध! मासूम को जमीन पर पटका, गला घोटा, बोरे में डालकर कोठरी में किया दफन

Sat, 10 Mar 2018 08:40 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
विज्ञापन
1 of 4
मृतक की फाइल फोटो, पुलिस हिरासत में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
यूपी के उन्नाव जिले में बारासगवर थानाक्षेत्र के गांव मलयपुर में चचेरे चाचा ने अपनी बुजुर्ग मां के साथ मिलकर तीन साल के मासूम की बेरहमी से हत्या कर दी। करतूत छिपाने के लिए शव को अपने ही घर के भीतर एक कोठरी में दफना दिया।
 


 
विज्ञापन

2 of 4
पुलिस हिरासत में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
बारासगवर थानाक्षेत्र के मलयपुर गांव निवासी राकेश कोरी का बेटा यश (3) 21 फरवरी की सुबह घर के बाहर खेल रहा था। इसी दौरान वह लापता हो गया। पिता व अन्य परिजनों ने बच्चे की तलाश की, कहीं पता नहीं चला। 23 फरवरी को राकेश ने बारासगवर थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। लापता होने के 11 दिन बाद 4 मार्च को किसी ने राकेश को फोन कर बेटा कब्जे में होने की बात कहकर पचास हजार रुपये की फिरौती मांगी। फिरौती मांगने वाले ने गांव के बाहर मंदिर के पास पीपल के पेड़ में लटके लाल कपड़े में रुपये बांधने के लिए कहा था। राकेश व अन्य परिजन तीन दिन वहां पहुंचे। इन्हें कोई नहीं मिला। मामले की जानकारी पर एसपी पुष्पांजलि ने थाना पुलिस के साथ ही सर्विलांस टीम को लगाया।
 
गुरुवार को पुलिस ने मृतक के सभी परिजनों को थाने बुलाया। परिवार के सभी सदस्य थाने पहुंच गए लेकिन राकेश का चचेरा भाई दिनेश व उसकी मां सरोजनी नहीं पहुंचीं। पुलिस ने फिरौती मांगने वाले के मोबाइल नंबर को सर्विलांस पर लगाया तो लोकेशन दिनेश के घर की  निकली। इस पर पुलिस रात में ही दिनेश के घर पहुंची। पुलिस टीम को घर में शव सड़ने की दुर्गंध महसूस हुई। शक होने पर कमरे को खुलवाकर मां-बेटे से कड़ाई से पूछताछ की गई। इसी दौरान जमीन में एक स्थान पर ताजी मिट्टी देख पुलिस ने खुदवाया। गड्ढे में एक बोरे में बंद बच्चे का शव मिला। एसपी पुष्पांजलि, एएसपी एपी सिंह, सीओ विवेक रंजन राय, एसओ उत्तम सिंह राठौर और फोरेंसिक टीम ने जांच की। पुलिस ने हत्यारे दिनेश व उसकी वृद्ध मां सरोजनी को गिरफ्तार कर लिया है।
 
विज्ञापन

3 of 4
पुलिस हिरासत में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
दो बहनों की मौत का बदला लेने को की हत्या
दिनेश और उसकी मां सरोजनी ने बीस साल पुरानी खुन्नस में तीन साल के मासूम की हत्या कर दी। दिनेश ने बताया कि बीस साल पहले वह और राकेश (मृतक बच्चे का पिता) पैतृक घर में रहते थे। उसके हिस्से में एक कोठरी आई थी। एक दिन कोठरी ढह गई। मलबे में दबकर उसकी दो बहनों की मौत हो गई थी। तभी से वह राकेश से खुन्नस मानता था। एसपी पुष्पांजलि ने बताया कि दिनेश को शक था कि राकेश ने जानबूझकर उसकी कच्ची दीवार को कमजोर कर दिया था। इससे कोठरी ढह गई। वह  बहनों की मौत के लिए राकेश को ही जिम्मेदार मानता था। सरोजनी भी भतीजे राकेश और उसके बच्चे को बिल्कुल पसंद नहीं करती थीं। खेलते समय बच्चा उनके घर के सामने पहुंच गया तो दोनों ने अगवा कर हत्या कर दी।


तंत्र-मंत्र में होली के दिन बलि देने का आरोप
यश के बाबा शिवनाथ ने बताया कि दिनेश तंत्र-मंत्र का भी काम करता था। इसी के चलते उसने होली के दिन नाती की बलि दे दी। शिवनाथ के मुताबिक उसका दिनेश से कोई विवाद नहीं था। 

 
विज्ञापन

4 of 4
पुलिस हिरासत में आरोपी - फोटो : अमर उजाला
अविवाहित है दिनेश
दिनेश ने शादी नहीं की। वह मां सरोजनी के साथ घर पर रहता था। घर के बाहर लगे नल के पास से यश लापता हुआ था। उसके बाद उसको घर में ही बंधक बनाकर रखा गया। बाद में हत्या कर दी गई। घर के अंदर ही शव दफन मिलने से आरोपी दिनेश के साथ ही उसकी मां भी बराबर की हिस्सेदार हैं। इसलिए पुलिस ने उस पर भी मुकदमा दर्ज किया है।


दो भाइयों में छोटा था मृतक
यश दो भाइयों में छोटा था। बड़ा भाई आयुष है। बेटे की मौत से मां बेबी व अन्य परिजन रो-रोकर बेहाल हैं। मृतक के पिता ने पुलिस से हत्यारोपियों को कड़ी सजा दिलाने की मांग की है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें