हरदोईः प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री पूर्व सांसद भाजपा नेता नरेश अग्रवाल ने कहा है कि 2019 के लोकसभा चुनाव में भाजपा को हराने की मंशा पाले विपक्ष के पास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरुद्ध कोई चेहरा ही नहीं है। विपक्ष अब तक अपना नेता नहीं तय कर पाया है। नेता तय करने में ही 18 दलों का यूपीए चिंदी-चिंदी होकर बिखर जाएगा। नरेश अग्रवाल सोमवार दोपहर वैटगंज स्थित आवास पर पत्रकारों से वार्ता कर रहे थे।
विज्ञापन
2 of 5
डेमाे पिक
भाजपा नेता नरेश अग्रवाल ने कहा कि यूपीए में सोनिया को नेता स्वीकार किया जा सकता है लेकिन राहुल के नाम पर सहमति नहीं हो सकती। अब तक का इतिहास रहा है कि जब-जब तीसरे मोर्चे ने सरकार बनाने की कोशिश की तो नेता के नाम पर ही सरकार भी गिरी और मोर्चा भी टूूटा।
विज्ञापन
3 of 5
डेमाे पिक
सपा बसपा के गठबंधन पर नरेश अग्रवाल ने कहा कि मुलायम सिंह यादव ने जिन दलों का नीतिगत विरोध किया, अखिलेश उन्हीं दलों की गोद में बैठ रहे हैं। हकीकत तो यह है कि अखिलेश मुलायम सिंह की नीतियों का ही विरोध कर रहे हैं। गठबंधन के बाद सपा पूरे प्रदेश में नहीं लड़ सकती। जिन सीटों पर सपा नहीं लड़ेगी वहां सपा खत्म हो जाएगी। वह यह कहने से भी नहीं चूके कि गठबंधन कमजोर और सत्तालोलुप लोग करते हैं।
4 of 5
डेमाे पिक
नरेश अग्रवाल ने कहा कि अब वह पूरे प्रदेश में भाजपा को मजबूत करने का कार्य करेंगे और पार्टी नेतृत्व जो भी जिम्मेदारी देगा उसका पालन करेंगे। मूल कैडर के भाजपाइयों को पूरा सम्मान देने और उनके हर सुख दुख में साथ देने की बात नरेश अग्रवाल ने कहते हुए रविवार की जनसभा में उमड़ी भीड़ का धन्यवाद भी किया।
जिन्ना बंटवारे और कत्लेआम के जिम्मेदार, कैसे करें स्वीकार
5 of 5
नरेश अग्रवाल
जिन्ना को लेकर चल रहे विवाद के बारे में पूछे जाने पर भाजपा नेता नरेश अग्रवाल ने कहा कि भारत में जिन्ना को कोई नहीं स्वीकार कर सकता। भारत के विभाजन के लिए ही नहीं उस दौरान हुए कत्लेआम के लिए भी जिन्ना ही जिम्मेदार हैं। उन्होंने कहा कि जो भारत में जिन्ना को महान बता रहे हैं उनके विरुद्ध कार्रवाई होनी चाहिए। ऐसे लोग सिर्फ माहौल खराब करने की कोशिश कर रहे हैं।