उत्तर प्रदेश के आठ पुलिसकर्मियों की हत्या करने वाला कुख्यात बदमाश विकास दुबे एनकाउंटर में मारा गया है। उसे कल मध्यप्रदेश के उज्जैन में गिरफ्तार किया गया था। जिसके बाद यूपी एसटीएफ उसे कानपुर ला रही थी। कानपुर जिले से दो किलोमीटर दूर एसटीएफ की गाड़ी पलट गई। जिसके बाद विकास दुबे ने पुलिसकर्मियों के हथियार छीनकर भागने की कोशिश की।
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Kanpur encounter
- फोटो : अमर उजाला
कानपुर एनकाउंटर के बाद उज्जैन में पकड़े गए कुख्यात विकास दुबे के पास कोई असलहा बरामद नहीं हुआ था। विकास ने वारदात को अंजाम देने के बाद जंगल में पुलिस से लूटी गई एके-47 और इंसास रायफल ठिकाने लगाई थी। फरारी काटने के दौरान वह अवैध पिस्टल और तमंचा रखे था, पकड़े जाने का खतरा होने पर उसने वो भी कहीं फेंक दिए।
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ये खुलासा उसने पुलिस की पूछताछ में किया था। पुलिसकर्मियों को मौत के घाट उतारने के बाद बदमाश एक एके-47, दो इंसास, दो 9 एमएम पिस्टलें और एक ग्लॉक पिस्टल लूट ले गए थे। पुलिस ने तीन जुलाई की मुठभेड़ में दो बदमाशों को ढेर कर एक इंसास रायफल व एक ग्लॉक पिस्टल बरामद कर ली थी।
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बुधवार को फरीदाबाद में पकड़े गए बदमाशों के पास दोनों 9 एमएम पिस्टलें मिली थीं। अभी एके-47 और एक इंसास गायब है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक विकास और उसका एक साथी ये दोनों असलहे लेकर शिवली पहुंचे थे और फिर जंगलों में ठिकाने लगा दिया।
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कई राउंड की थी हवाई फायरिंग
पुलिस सूत्रों के जरिये एक बड़ी जानकारी मिली है। एनकाउंटर में पुलिसकर्मियों को मारने के बाद विकास, अमर, और गुड्डन त्रिवेदी ने गांव के बाहर खुशी में फायरिंग की थी। विकास ने इसकी जानकारी दी है। उसका कहना था कि उस दिन उसके दुश्मन खत्म हो गए थे।
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टॉर्च से खोजकर मार रहा था प्रधान
पुलिस के मुताबिक जब सभी बदमाश पुलिसकर्मियों को मारकर भाग रहे थे तो आरोपी ग्राम प्रधान राम सिंह यादव टॉर्च से पुलिसकर्मियों को खोज रहा था। जिस पुलिसकर्मी की सांस चलती मिली, उसने उसको गोलियां मारी थीं। अब पुलिस व एसटीएफ की रडार पर राम सिंह है। उसके करीब टीमें पहुंच चुकी हैं।
विकास पर करीब 150 केस हैं दर्ज
अभी तक पुलिस ने विकास के आपराधिक इतिहास में चौबेपुर में दर्ज 60 केसों का जिक्र किया था। मगर जानकारी जुटाने पर पता चला कि विकास पर शिवली, काकादेव, कल्याणपुर, कोतवाली समेत कई अन्य थानों में करीब 150 केस दर्ज थे। इसमें हत्या, लूट, रंगदारी, जमीन कब्जाने, धमकी देने, गुंडा एक्ट गैंगस्टर आदि मामले शामिल हैं।