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Delhi Blast: क्या छात्रों तक भी पहुंचा है शाहीन का नेटवर्क? HBTU के 52 कश्मीरी छात्रों का पूरा ब्योरा तलब

Fri, 14 Nov 2025 03:02 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: डॉ. शाहीन और डॉ. आरिफ की गिरफ्तारी के बाद कश्मीरी छात्रों के ब्रेनवॉश की आशंका के चलते एलआईयू ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एचबीटीयू में पढ़ रहे 52 कश्मीरी छात्रों का पूरा ब्योरा तलब किया है। एटीएस के साथ मिलकर यह जांच की जा रही है कि क्या इन दोनों डॉक्टरों का संपर्क किसी छात्र से रहा था या नहीं।
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डॉ. वंदन, डीन फैकल्टी, एजुकेशन, एचबीटीयू - फोटो : amar ujala
कानपुर में डॉक्टर शाहीन और डॉक्टर आरिफ की गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क की गहराई तक पहुंचने में जुट गई हैं। सबसे गंभीर सवाल यही उठ रहा है कि क्या शाहीन का नेटवर्क कश्मीरी छात्रों तक भी पहुंच चुका था और क्या किसी तरह उनका ब्रेनवॉश करने की कोशिश की जा रही थी।
इसी शक के आधार पर अब एलआईयू की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एचबीटीयू में पढ़ रहे 52 कश्मीरी छात्रों का पूरा ब्योरा तलब किया है। सूत्रों के मुताबिक, एलआईयू और एटीएस दोनों एजेंसियां यह जांच कर रही हैं कि क्या डॉक्टर शाहीन और डॉक्टर आरिफ का किसी भी छात्र से संपर्क रहा।
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एचबीटीयू कैंपस - फोटो : amar ujala
डॉ. शाहीन ने एक ऐसा नेटवर्क खड़ा किया था
किस छात्र को कौन प्रभावित करता था, कौन किससे मिलता था। कैंपस में किसके साथ समय बिताता था—इन सभी पहलुओं पर बेहद सतर्कता के साथ पड़ताल शुरू हो चुकी है। जांच एजेंसियों को आशंका है कि पिटबुल मुजाहिदीन की कथित सरगना डॉक्टर शाहीन ने एक ऐसा नेटवर्क खड़ा किया था।
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एचबीटीयू - फोटो : amar ujala
क्या इस प्रक्रिया का एक सक्रिय हिस्सा था डॉ. आरिफ
इसका उद्देश्य खास विचारधारा फैलाना और युवाओं को धीरे-धीरे अपनी तरफ मोड़ना था। इसी संदर्भ में यह भी देखा जा रहा है कि क्या यही नेटवर्क कश्मीर से आए छात्रों तक भी पहुंचा था, और क्या डॉक्टर आरिफ इस प्रक्रिया का एक सक्रिय हिस्सा था।

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एचबीटीयू - फोटो : amar ujala
जांच का दायरा और विस्तृत कर दिया
फिलहाल एजेंसियां दोनों डॉक्टरों के डिजिटल डेटा, मोबाइल चैट्स और संपर्कों की गहन जांच कर रही हैं। कई नई लीड्स सामने आई हैं, जिन्होंने जांच का दायरा और विस्तृत कर दिया है। एलआईयू द्वारा छात्रों का विवरण मांगना भी इसी बड़े ऑपरेशन का हिस्सा माना जा रहा है।
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दिल्ली ब्लास्ट - फोटो : अमर उजाला
शाहीन का मॉड्यूल युवाओं का इस्तेमाल तो नहीं कर रहा था
जांच अभी शुरुआती चरण में है, लेकिन एजेंसियों के निशाने पर अब पूरा नेटवर्क है और यह पता लगाने की कोशिश जारी है कि कहीं शाहीन का यह मॉड्यूल युवाओं का इस्तेमाल करने की दिशा में तो काम नहीं कर रहा था। जांच एजेंसियां जानकारी पुख्ता करने में जुटी हैं।
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