यूपी के हरदोई जिले में सीएम ने शनिवार को रसखान प्रेक्षागृह में अवध क्षेत्र के विधायकों, सांसदों और जिलाध्यक्षों के साथ बैठक की। इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधायकों को फोन पर मिल रही धमकी पर विचलित ने होने की बात कही। साथ ही उन्होने खुद का अनुभव साझा करते हुए कुछ बातें बताई।
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सीएम याेगी अादित्यनाथ
- फोटो : अमर उजाला
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हम लोग राजनीतिक व्यक्ति हैं। किसी से धमकी मिलने की बात को मीडिया के माध्यम से सार्वजनिक करेंगे तो धमकी देने वाले का हौसला बढ़ेगा। कुछ दिन पहले विदेश से कॉल कर विधायकों से रंगदारी मांगकर धमकी दी गई। निश्चित रूप से सतर्कता बरतनी चाहिए। लेकिन इसे सार्वजनिक करना गलत है। उन्होंने बात-बात में गोपामऊ विधायक श्याम प्रकाश को नसीहत भी दे दी। उन्हें भी धमकी दी गई थी। जिसे सार्वजनिक कर उन्होंने सीएम पर भी टिप्पणी की थी।
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सीएम याेगी अादित्यनाथ
- फोटो : अमर उजाला
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जब वह सांसद थे, तो नेपाल बार्डर से अक्सर उनके पास धमकी भरे फोन आते थे। फोन करने वाले उन्हें गालियां तक देते थे, लेकिन वह इस बात से विचलित नहीं हुए। मुस्कुराते हुए सीएम ने कहा कि ऐसी स्थिति में वह अपने सहयोगी या सुरक्षाकर्मी को मोबाइल पकड़ा देते थे। उसी की भाषा में जवाब देने को कहते थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सख्त कानून व्यवस्था के चलते अपराधी उत्तर प्रदेश से भाग रहे हैं। यहां से भागे हुए अपराधी दूसरे देशों में जाकर धमकी दे रहे हैं, लेकिन इससे विचलित होने की जरूरत नहीं है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन विधायकों को धमकी मिली वह व्यक्तिगत रूप से अवगत करा देते, इतना काफी था। कई विधायकों ने तो बाकायदा प्रेस कान्फ्रेंस कर धमकी मिलने की बात कही। इससे धमकी देने वालों के हौसले बढ़ते हैं। पूरे मामले की जांच चल रही है और किसी भी विधायक को घबराने की जरूरत नहीं है। प्रदेश सरकार विधायकों की सुरक्षा करने में सक्षम है।