जिला पंचायत सदस्य और भाजपा नेत्री श्वेता सिंह गौर की हत्या में नामजद पति और भाजपा नेता डॉ. दीपक सिंह गौर को अंतत: शुक्रवार को पुलिस ने नाटकीय ढंग से गिरफ्तार कर लिया। अदालत में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। इसी केस में नामजद रिटायर्ड डीआईजी ससुर और सास तथा अधिवक्ता जेठ को पुलिस ने फिलहाल गिरफ्तार नहीं किया गया है।
शहर के इंदिरा नगर में बुधवार, 27 अप्रैल को दोपहर जिला पंचायत सदस्य और भाजपा नेत्री श्वेता सिंह गौर का बंद कमरे में फंदे पर टंगा मिला था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने प्रथम दृष्टया इसे आत्महत्या माना है। दूसरी तरफ मृतका के पिता, भाई आदि परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए श्वेता के ससुर रिटायर्ड डीआईजी राजबहादुर सिंह, पति भाजपा नेता दीपक सिंह गौर, सास पुष्पा देवी और जेठ धनंजय सिंह (अधिवक्ता) के विरुद्ध धारा 302 (हत्या), 498 ए (दहेज के लिए हत्या) और दहेज प्रतिषेध अधिनियम में गुरुवार को तड़के शहर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है।