फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

#KabTakNirbhaya: हैदराबाद कांड पर लोगों में उबाल, कहा- आरोपियों को ऐसा दंड मिले कि रूह कांप जाए

Sun, 01 Dec 2019 08:46 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
विज्ञापन
1 of 6
अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स की ओर आयोजित फोकस्ड ग्रुप डिस्कशन - फोटो : अमर उजाला
शांति के अहिंसावादी मूल्य मानता है कौन, हौसले से क्रांति के पुजारी बन जाइए, देश को है श्याम आज बांसुरी की चाह नहीं, वक्त चाहता है चक्रधारी बन जाइए....। अब बिना भय के कुछ नहीं होता। जब तक लोगों के मन में किसी का भय नहीं होता, तब तक वह सुधर नहीं सकते। साथ ही मानसिकता में बदलाव लाना बेहद जरूरी है।
 
यह बात कानपुर में अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स की ओर आयोजित फोकस्ड ग्रुप डिस्कशन में आए वक्ताओं ने कही। हैदराबाद में डॉ. प्रियंका रेड्डी की बलात्कार के बाद हत्या के बाद लोगों में बेहद आक्रोश है।
 

  
विज्ञापन

2 of 6
अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स की ओर आयोजित फोकस्ड ग्रुप डिस्कशन - फोटो : अमर उजाला
रविवार को अमर उजाला कार्यालय में फोकस्ड ग्रुप डिस्कशन में शहर के विभिन्न वर्गों के लोगों को आमंत्रित किया गया था। पॉलिटिकल, काउंसलर, शिक्षक, ज्योतिषाचार्य, गृहणियां, डॉक्टर, उद्यमी सभी ने कार्यक्रम में शिरकत की। देश में भर हो रही बलात्कार की घटनाएं कैसे रुक सकती हैं, इस पर लोगों ने अपनी अपनी प्रतिक्रिया दी।
विज्ञापन

3 of 6
अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स की ओर आयोजित फोकस्ड ग्रुप डिस्कशन - फोटो : अमर उजाला
काफी लंबे समय तक चले डिस्कशन के बाद यही निष्कर्ष निकला कि कठोर दंड का प्रावधान तो हो ही साथ में लोगों के भीतर कानून का भय भी हो। संस्कारों के माध्यम से सोच बदलें। काउंसलर सीमा जैन ने कहा कि केवल और केवल कठोर और सार्वजनिक दंड ही ऐसी घटनाओं को रोकने में सहायक होगा। साथ ही ऐसे ही एक दो सार्वजनिक दंड देकर लोगों में डर बैठाया जाए।

4 of 6
डॉ. आरती मोहन, सीमा जैन - फोटो : अमर उजाला
श्री दिगंबर जैन पंचायती बड़ा मंदिर जनरलगंज कमेटी के सभापति डॉ. अनूप जैन ने कहा कि खानपान से काफी प्रभाव पड़ता। कहावत है जैसा खाओ अन्न, वैसा होगा मन। घर से ही बच्चों को सात्विक भोजन की ओर ले जाएं।
विज्ञापन

5 of 6
डॉ. आरती बाजपेई - फोटो : अमर उजाला
बृहस्पति डिग्री कॉलेज की डॉ. नीता अग्निहोत्री ने कहा कि सोच बदलने की आवश्यकता है। सोच बदलें, तभी देश भी बदलेगा। व्यवसायी अमित खत्री ने कहा कि केवल मोमबत्ती जलाने और बुझाने से कुछ नहीं होगा। अब महिलाओं के साथ पुरुषों के मानसिक सशक्तीकरण की आवश्यकता है।

पार्षद राघवेंद्र मिश्रा ने कहा कि नशे की बढ़ती लत भी ऐसी घटनाओं की जिम्मेदार है। श्री गुरु सिंह सभा लाटूश रोड के प्रधान हरविंदर लार्ड लड़कियों के आत्मसुरक्षा की ट्रेनिंग अनिवार्य कर देनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
यजुवेंद्र सिंह, पार्षद अमनदीप सिंह - फोटो : अमर उजाला
....और कौए न आए इसलिए लटकाया है 
डिस्कशन में आईं प्रोफेसर अनुराधा मिश्रा ने अपने बेहद संक्षिप्त वक्तव्य में बेहद गंभीर बात कही। उन्होंने कहा कि पति आर्मी में हैं, जहां उनकी पोस्टिंग थी तब मैं वहां गई तो देखा कुछ फौजी भाई खाना बना रहे हैं और उनके ऊपर एक कौव्वा मरा हुआ लटका था। उन्होंने कहा कि उत्सुकतावश पूछा तो फौजियों ने बताया कि कौव्वे खाना बनाने में परेशान करते हैं, इसलिए इसे मारकर लटकाया है, ताकि भय से और कौव्वे न आ सकें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें