फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बरेली हादसे ने खोले कई राज: हत्या के लिए बाप-बेटों को किया था किडनैप, सड़क हादसे में मरे तीन बदमाश

Mon, 06 Apr 2026 10:35 PM IST
विकास कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली

सार

एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि मनमोहन व उसके पिता नन्थूलाल के रिश्ते मनोज के परिवार की महिलाओं से थे। मनोज इस पर एतराज करता था। शायद उसी को ठिकाने लगाने के लिए मनमोहन ने यह घटना की थी। 
विज्ञापन
1 of 8
कार हादसे में मारे गए बदमाश, जिंदा बचे पिता और दोनों बेटे - फोटो : अमर उजाला
बरेली के फरीदपुर के शातिर मनमोहन ने जेल में रहने व कोर्ट की आवाजाही के दौरान जिन बदमाशों से दोस्ती गांठी, उन्हीं को रुपये का लालच देकर ऑटो ड्राइवर मनोज का अपहरण और हत्या के लिए राजी कर लिया। जब आरोपियों ने अपहरण की वारदात को अंजाम दिया तो उस वक्त दोनों बेटे मयूर और लक्ष्य भी मनोज के साथ थे। बदमाश उन्हें भी उठा लाए। परेशान होने के बाद दोनों बच्चों को कहीं शिफ्ट करने जा रहे थे कि सीबीगंज में हाईवे पर हुए हादसे में तीन आरोपियों की जान चली गई। चौथा आरोपी प्रिंस घायल हो गया। होश आने पर प्रिंस से पुलिस ने पूछताछ की। 
विज्ञापन

2 of 8
पीड़ित मनोज और उसकी पत्नी - फोटो : अमर उजाला
घायल प्रिंस के मोबाइल ने उगले राज
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि संदेह के आधार पर पुलिस ने अस्पताल में बेहोश प्रिंस का मोबाइल फोन कब्जे में ले लिया। इसमें मौजूद चैटिंग, ऑडियो, वीडियो देखने के बाद शक पुख्ता हुआ कि मामला अपहरण का है। कॉल डिटेल से और साक्ष्य मिले। होश में आने के बाद पूछताछ में थोड़ी देर आनाकानी के बाद प्रिंस ने पूरा राज उगल दिया।
विज्ञापन

3 of 8
हादसे में मारा गया आरोपी मनमोहन - फोटो : अमर उजाला
जेल में रहा था मनमोहन
प्रिंस ने बताया कि फरीदपुर के टांडा सिकंदरपुर गांव निवासी मनमोहन व उसके पिता नत्थूलाल के खिलाफ वर्ष 2022 में फरीदपुर थाने में हत्या का मामला दर्ज हुआ। नत्थू को जेल भेजा गया था, जबकि उस वक्त नाबालिग होने की वजह से मनमोहन को किशोर सदन भेजा गया था। बालिग होने के बाद मनमोहन कुछ दिन जेल में भी रहा।

4 of 8
इसी टैंकर से टकराई कार - फोटो : संवाद
प्रिंस ने लौटा दिए थे 20 हजार रुपये
एसपी सिटी के मुताबिक, पूछताछ में प्रिंस ने बताया कि जेल में रहने व कोर्ट में तारीख पर आने-जाने के दौरान मनमोहन, पीलीभीत निवासी सिकंदर, रामपुर के बिलासपुर के गांव रमनपुर कुर्तियान निवासी विशेष यादव और वह (प्रिंस यादव) दोस्त हो गए थे। इन दिनों सभी जमानत पर बाहर थे और कभी-कभार मिलते भी थे। 
विज्ञापन

5 of 8
हादसे के बाद मौके पर जांच करती पुलिस - फोटो : संवाद
मनमोहन की मदद कर रहे थे अन्य बदमाश
मनमोहन ने उन सब लोगों को जुटाकर बताया था कि वह अपने एक दुश्मन को निपटाना चाहता है। वे लोग उसकी मदद करें तो वह उन्हें रुपये भी देगा। इस पर सब तैयार हो गए। शुरू में मनमोहन ने प्रिंस को 20 हजार रुपये देने की कोशिश की, लेकिन उसने इन रुपयों को कम बताकर लौटा दिया था। बाकी लोगों ने भी कहा था कि फिलहाल तुम आने-जाने और खाने-पीने की व्यवस्था करो। रुपये काम होने के बाद दे देना।
विज्ञापन

6 of 8
पीड़ित मनोज - फोटो : अमर उजाला
मनोज के साथ बैठे बच्चे चिल्लाए तो उनको भी उठा लिया
एसपी सिटी के मुताबिक, पूछताछ में प्रिंस ने बताया कि मनमोहन और मनोज आपस में परिचित थे। इसलिए उन लोगों ने मनोज का अपहरण करने से पहले उसकी रेकी की। जब शाम ढले मंदिर के पास सुनसान जगह से मनोज को ऑटो से खींचकर मनमोहन की बोलेरो में बैठाने की कोशिश की तो उसके साथ बैठे बच्चे चीख पड़े। तब उन्होंने सोचा कि बच्चों की वजह से शोर मचेगा और पुलिस जल्द ही उनको पकड़ लेगी। 
विज्ञापन

7 of 8
अस्पताल में भर्ती घायल बच्चे - फोटो : अमर उजाला
मनमोहन के मन में क्या था नहीं पता
इस वजह से आरोपियों ने बच्चों को भी बोलेरो में डाल लिया। फिर सबको लाकर फरीदपुर कस्बा स्थित मनमोहन के घर में बंद कर दिया। बाद में बच्चों को रखने में उन्हें दिक्कत आने लगी। प्रिंस ने बताया कि नत्थूलाल ने मनमोहन को फटकार लगाई थी कि बच्चों को क्यों ले आए। तब वे दोनों बच्चों को लेकर दिल्ली की ओर जा रहे थे। मनमोहन ने बताया था कि बच्चों को घर के बाहर ही छोड़कर आ जाएंगे। हालांकि, मनमोहन के मन में क्या चल रहा था, उसे नहीं पता।
विज्ञापन

8 of 8
परिवार संग मनोज - फोटो : अमर उजाला
बच्चों को शिफ्ट करने जा रहे थे सभी
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि मनमोहन व उसके पिता नन्थूलाल के रिश्ते मनोज के परिवार की महिलाओं से थे। मनोज इस पर एतराज करता था। शायद उसी को ठिकाने लगाने के लिए मनमोहन ने यह घटना की थी। घटना के वक्त मनोज के बच्चे साथ होने से बदमाश उन्हें भी उठा लाए। अब मनोज को घर में बंधक बनाकर ये लोग बच्चों को कहीं शिफ्ट करने जा रहे थे, इसी दौरान हादसे में तीन बदमाशों की मौत हो गई।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें