फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रेड जोन में प्रयागराज, लॉकडाउन में राहत की उम्मीदों को लगा तगड़ा झटका

Fri, 24 Apr 2020 11:47 PM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
विज्ञापन
1 of 7
prayagraj news - फोटो : prayagraj
इंडोनेशियाई नागरिक के कोरोना से मुक्त होने के बाद से अब तक सुरक्षित प्रयागराज फिर संक्रमण की जद में आ गया है। शुक्रवार को शंकरगढ़ और शहर के शिवकुटी में तीन युवकों में कोरोना वायरस का संक्रमण पाया गया है। कोरोना संक्रमित मिले मरीजों में मुंबई से लौटे दो युवक शंकरगढ़ के कपारी गांव के हैं, जबकि मार्च में वाराणसी गए तेलियरगंज के युवक की जांच रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है।

तीनों युवकों को कोटवां-बनी स्थित कोविडल-19 लेवल-1 हॉस्पिटल में भर्ती करा दिया गया है। इसके साथ ही उनके संपर्क में आने वालों और आसपास के लोगों को क्वारंटीन कर दिया गया है। क्वारंटीन सभी लोगों की कोरोना की जांच कराई जाएगी। 
विज्ञापन

2 of 7
prayagraj news - फोटो : prayagraj
कोरोना के नोडल इंचार्ज डिप्टी सीएमओ डॉ. ऋषि सहाय ने बताया कि तेलियरगंज पीतांबरनगर के शंकरघाट के जिस 35 वर्षीय युवक में कोरोना की पुष्टि हुई है, वह मार्च में मंडुवाडीह-नई दिल्ली एक्सप्रेस से वाराणसी गया था। वह जिस बोगी में सवार था, उसी में वाराणसी के एक निवासी में भी कोरोना की पुष्टि हुई है। इसके बाद ट्रेन में सवार सभी लोगों की सूची तैयार कर वाराणसी के एसएसपी ने पत्र के माध्यम से जानकारी प्रयागराज जिला प्रशासन को दी।
विज्ञापन

3 of 7
prayagraj news - फोटो : prayagraj
सूचना मिलने के बाद तेलियरगंज के स्वास्थ्य विभाग की टीम ने एंबुलेंस से ले जाकर युवक को कालिंदीपुरम स्थित सेंटर पर क्वारंटीन करा दिया। बृहस्पतिवार को स्वाब सैंपल जांच के लिए मोती लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज भेज दिया गया। शुक्रवार को उसमें कोरोना की पुष्टि हुई।

युवक के परिवार और संपर्क में आने वाले लोगों को भी क्वारंटीन कराया गया है। उधर, शंकरगढ़ में कोरोना पॉजिटिव मिले दोनों युवक चचेरे भाई हैं। दोनों मुंबई में काम करते हैं। 10 दिन पूर्व युवक के पिता की बारा पॉवर प्लांट के पास सड़क दुर्घटना में मौत हो गई थी। ई-पास के जरिए दोनों मुंबई से निजी वाहन से यहां 21 अप्रैल को आए थे। प्रशासन ने कपारी गांव को सील कर दिया है। 

4 of 7
prayagraj news - फोटो : prayagraj

इससे पहले इंडोनेशियाई नागरिक में मिला था संक्रमण

प्रयागराज में पहली बार स्थानीय तीन लोग कोरोना संक्रमण की चपेट में आए हैं। इससे पहले जमात से लौटा इंडोनेशियाई नागरिक संक्रमित पाया गया था। एक अवधि तक इलाज के बाद उसकी रिपोर्ट निगेटिव आई। इसके साथ ही प्रयागराज संक्रमण से मुक्त हो गया। लेकिन, अब एक साथ तीन लोगों की रिपोर्ट पॉजीटिव आई है, जिससे जिला प्रशासन और स्वास्थ्य महकमे की चिंता बढ़ गई है।
विज्ञापन

5 of 7
prayagraj news - फोटो : prayagraj

आशा कार्यकर्ताओं के सर्वे में ट्रेस हुए थे मुंबई से आए युवक

शंकरगढ़ के कपारी गांव में मुंबई से आए दोनों युवकों को आशा कार्यकर्ताओं ने अपने सर्वे के दौरान ट्रेस किया। इसके बाद उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जाकर जांच कराने को कहा गया। दोनों युवक 22 अप्रैल को शंकरगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य गए तो दोनों में जुकाम, बुखार के लक्षण देख एंबुलेंस से कालिंदीपुर भेज दिया गया। यहां उन्हें क्वारंटीन कर जांच कराई।

इसके बाद दोनों में कोरोना की पुष्टि हुई। इससे शंकरगढ़ के कपूरी गांव में हड़कंप मच गया है। सीएमओ मेजर डॉ. जीएस बाजपेई ने कहा कि तीनों कोरोना पॉजिटिव युवकों को कोटवा-बनी स्थित कोविड-19 लेवन-1 हॉस्पिटल में भर्ती करा दिया गया है। लेवल-1 हॉस्पिटल के नोडल इंचार्ज एसीएमओ डॉ. वीके मिश्रा ने कहा कि तीनों मरीज देर रात तक अस्पताल में भर्ती हो गए हैं।
विज्ञापन

6 of 7
prayagraj news - फोटो : prayagraj

नए मरीजों के आने के बाद बढ़ी सख्ती

जिले में कोरोना के तीन पॉजिटिव मामले सामने आने के बाद प्रशासन में हड़कंप मचा है। इसके साथ ही प्रभावित क्षेत्रों के अलावा पूरे जिले में सख्ती बढ़ा दी गई है। तीनों मरीज 14 दिनों के लिए आइसोलेशन में भेज दिए गए हैं। अब इनकी जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की स्थिति पर निर्णय लिया जाएगा। ऐसे में तीन मई से राहत की उम्मीद धूमिल हो गई है। अफसरों का कहना है कि इस बारे में भी सरकार की ओर से निर्देश जारी किए गए जाएंगे। उसी के आधार पर रणनीति बनाई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
prayagraj news - फोटो : prayagraj
एक जमाती की जांच रिपोर्ट नेगेटिव आने के बाद यहां कोरोना का कोई भी मरीज नहीं था लेकिन स्थिति एक बार फिर चिंताजनक हो गई है। चूंकि तेलियरगंज के शंकरघाट में पाजिटिव पाए गए युवक के विगत दिनों में कई जगह जाने की बात कही जा रही है।

इस दौरान उसके बहुत से लोगाें के संपर्क में आने की आशंका है। ऐसे में वह कहां-कहां गया और संपर्क में कौन-कौन आया इसकी पूरी डिटेल खंगाली जा रही है। कई रिश्तेदारों के भी युवक के संपर्क में होने की आशंका जताई जा रही है। ऐसे लोगों की भी तलाश की जा रही है तथा उसके मोहल्ले तथा आसपास के इलाके में पहरेदारी बढ़ा दी गई है। यह स्थिति कम से कम 14 दिनों तक रहेगी। ऐसे में तीन मई के बाद भी कितनी राहत मिल पाएगी इस पर सवाल बन गया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें