पूर्व सांसद अतीक अहमद की दो और संपत्तियां बृहस्पतिवार को कुर्क कर दी गईं। खुल्दाबाद पुलिस ने नगर निगम टीम की मौजूदगी में यह कार्रवाई की। इनमें अतीक के करबला स्थित कार्यालय का भी एक भाग शामिल है। कुर्क संपत्तियों की कीमत पुलिस ने 35 करोड़ बताई है।
खुल्दाबाद स्थित जिन दो संपत्तियों को पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट के तहत कुर्क किया, उनमें चकिया स्थित मकान नंबर 95 डी/ 4 और करबला स्थित मकान नंबर 36/6डी/1 शामिल है। जिसमें पहले भवन में अतीक के घरेलू कर्मचारी रहते थे जबकि, दूसरा भवन कार्यालय का हिस्सा है।
बता दें कि अतीक का कार्यालय आठ भागों से मिलकर बना है और इसी के एक हिस्से को पुलिस ने कुर्क किया। इस दौरान खुल्दाबाद के साथ आसपास के थानों की भी फोर्स व नगर निगम की टीम मौजूद रही। एसपी सिटी दिनेश कुमार सिंह ने बताया कि चकिया व करबला स्थित दो भवनों के कुर्क किया गया है।
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- फोटो : prayagraj
30 अन्य संपत्तियां भी की गई हैं चिह्नित
पहले चरण में चिह्नित अतीक की कुल सात संपत्तियों को दो दिनों में कुर्क किया गया। इनमें खुल्दाबाद स्थित चार भवनों के अलावा धूमनगंज में दो व सिविल लाइंस स्थित एक भवन शामिल हैं। इसके अलावा 20 अन्य संपत्तियां भी चिह्नित की गई हैं।
जिनमें से धूमनगंज, कौशाम्बी व झूंसी स्थित कई जमीनें भी हैं। कुल 30 में से 13 के जब्तीकरण की कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन को पत्र भेजा जा चुका है। जबकि 17 संपत्तियों के लिए कार्रवाई प्रचलित है।
आरोप: कुर्क संपत्ति को दोबारा किया कुर्क
उधर एक दिन पहले सिविल लाइंस स्थित अतीक के भवन को कुर्क किए जाने को लेकर उसके अधिवक्ताओं ने सवाल भी उठाए हैं। अतीक के अधिवक्ता खान शौलत हनीफ का दावा है कि एमजी मार्ग स्थित जिस मकान नंबर 197/39 पर पुलिस ने कार्रवाई की, वह पहले से कुर्क है।
2007 में यह संपत्ति तत्कालीन डीएम के आदेश पर कुर्क की जा चुकी है। उनका व परिजनों का आरोप है कि कुछ पुलिस अफसर वाहवाही लूटने के लिए नियमविरुद्ध तरीके से कार्रवाई कर रहे हैं। जिसके लिए न्यायालय में गुहार लगाई जाएगी।
पुलिस के दावे पर सवाल: पांच संपत्तियों की कीमत 25, दो की 35 करोड़ कैसे
उधर, अतीक अहमद की संपत्तियों को कुर्क किए जाने के बाद पुलिस की ओर से इनकी कीमत को लेकर किए गए दावे सवालों के घेरे में रहे। बृहस्पतिवार को खुल्दाबाद स्थित दो संपत्तियों पर कार्रवाई के बाद पुलिस की ओर से जारी विज्ञप्ति में दावा किया गया कि इनकी कीमत 35 करोड़ के आसपास है।
जबकि एक दिन पहले पांच मकानों पर कार्रवाई के बाद पुलिस ने इनकी कीमत 25 करोड़ बताई थी। जानकारों का कहना है कि यही बात गले से नहीं उतर रही है। क्योंकि एक दिन पहले जिन संपत्तियों को सीज किया गया, उनमें से एक शहर के सबसे पॉश इलाके सिविल लाइंस में स्थित थी।